सम्मेलन का उद्देश्य विमुक्त, घुमंतू और अर्द्ध घुमंतू समाज के मूलभूत अधिकारों, दस्तावेजी समस्याओं और शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर साझा रणनीति बनाना है।
जयपुर. विमुक्त, घुमंतू एवं अर्द्ध घुमंतू जनाधिकार समिति की ओर से 22 फरवरी को राज्य स्तरीय सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। अम्बाबाड़ी स्थित आदर्श विद्या मंदिर परिसर में इन समुदायों से जुड़े अधिकारी, कर्मचारी और बुद्धिजीवी भाग लेंगे।
कार्यक्रम संयोजक राकेश बिडावत ने बताया कि सम्मेलन का उद्देश्य विमुक्त, घुमंतू और अर्द्ध घुमंतू समाज के मूलभूत अधिकारों, दस्तावेजी समस्याओं और शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर साझा रणनीति बनाना है। सेवानिवृत्त अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संताराम ने कहा कि समुदाय के कई परिवार आज भी पहचान और मूल दस्तावेज बनवाने में कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं। जिनके निदान और घुमंतू समुदाय के बच्चों के लिए आवासीय विद्यालयों की आवश्यकता पर भी चर्चा होगी।
एडवोकेट रामअवतार योगी ने कहा कि आजादी के 75 वर्ष बाद भी यह समाज कई तरह की सुविधाओं से वंचित है। पूर्व एडीएम करतार सिंह कुर्रा ने बताया कि सम्मेलन में विभिन्न कल्याण बोर्डों में समुदाय के प्रतिनिधियों की नियुक्ति और बजट प्रावधान बढ़ाने की मांग भी उठाई जाएगी।