जालोर

खबर में जाने अब तक जालोर जिले में कितने मेह, कितना पानी

औसत से डेढ़ सौ प्रतिशत अधिक बरसे मेह

2 min read
Sep 03, 2017
rain in jalore rajasthan

-अतिवृष्टि से जूझ रहा जालोर
- कई जगह अभी भी जारी है सामान्य बूंदाबांदी का दौर
- रानीवाड़ा और जसवंतपुरा में सर्वाधिक बारिश

जालोर
जालोर जिला इस मानसून के हिसाब में अब तक का सर्वाधिक औसत बारिश वाला जिला रहा है। जिले की जवाई, सूकड़ी, कोड़ी और आकोली नदी में धीमा जलप्रवाह जारी है और पड़ोसी जिले पाली में स्थित जवाई बांध का एक गेट खोलकर छह सौ क्यूसेक पानी निरंतर छोड़ा जा रहा है।
औसत मानसून के लिहाज से जालोर जिले में 3 सितम्बर तक 342 एमएम बारिश होनी चाहिए, जिसके मुकाबले यहां 851 एमएम बारिश हो चुकी है। यह सामान्य से डेढ़ सौ प्रतिशत अधिक है। तीन सितम्बर तक 2016 में मात्र 468.92 एमएम बारिश ही रिकार्ड की गई थी। जालोर जिले के कई गांवों में पानी भराव की समस्या है। वहां तक आवागमन भी मुश्किल है।
रानीवाड़ा तहसील में सर्वाधिक
तहसील बारिश एमएम
रानीवाड़ा 1431
जसवंतपुरा 938
जालोर 836
भीनमाल 882
सांचौर 969
आहोर 690
सायला 702
बागोड़ा 674
चितलवाना 883

जवाई से छोड़ा जा रहा है पानी
जवाई बांध अपनी क्षमता के अनुसार पूरा भरा हुआ है और वहां से एक गेट खोलकर छह सौ क्यूसेक पानी नियमित छोड़ा जा रहा है। वहीं जिले के बांडी सिणधरा, चवरछा, बांकली और बीठन बांध भी शत प्रतिशत भरे हुए हैं। नोसरा बांध में अपनी क्षमता का 60 फीसदी पानी है। जिले के सूंथड़ी, दूठवा, केरिया, चितलवाना क्रास बांध फूटे होने के कारण वहां बूंद भी पानी नहीं है।

चार जिलों में अतिवृष्टि
तीन सितम्बर तक के औसत मानसून को आधार मानें तो जालोर, बाड़मेर, पाली और सिरोही जिले में अतिवृष्टि है। जालोर जिले में जुलाई माह के बाद अभी तक कई गांवों के रास्तों का सम्पर्क कटा हुआ है और वहां अभी तक जनजीवन सामान्य नहीं हो पाया है। पूरे राज्य की बात करें तो सामान्य की 4.63 प्रतिशत अधिक बारिश हुई है। तीन सितम्बर तक 461.35 एमएम बारिश के औसत के मुकाबले अभी तक 462.81 एमएम बारिश हुई है।

Published on:
03 Sept 2017 07:00 pm
Also Read
View All