सुरसिंह भूरिया का कोरोना के चलते निधन, मोरदुंड्डिया में कोविड 19 नियमों के तहत दाह संस्कार किया जाएगा
झाबुआ. विधायक कांतिलाल भूरिया के बड़े भाई सुरसिंह भूरिया (71)का गुरुवार सुबह साढ़े तीन बजे निधन हो गया। विधायक के बड़े भाई की मौत की खबर सुनकर उनके पैतृक गांव में मोरडूंडिया में मातम छा गया। दरअसल पिछले शुक्रवार को उनकी रिपोर्ट पॉजीटिव आई थी, जिसके बाद उनका दाहोद में उपचार किया जा रहा था। चिकित्सकों ने बुधवार को सूरसिंह के फेफड़ों में 70 प्रतिशत तक संक्रमण होना बताया और हाथ खड़े कर दिए। इसके बाद परिजन उन्हें दाहोद से बुधवार रात मोरडूंडिया लेकर आए। जहां कुछ घंटे बिताने के बाद सुबह साढ़े तीन बजे उन्होंने आखिरी सांस ली। विधायक के भाई को रेमडेसीविर इंजेक्शन लगाने के लिए भी मशक्कत करना पड़ी। बड़ी मुश्किल से इंजेक्शन उपलब्ध हो पाया, उनका टीकाकरण हुआ था या नहीं इसके बारे में कोई स्पष्ट जानकारी अभी तक सामने नहीं आई है।
इधर कांतिलाल भूरिया की भतीजी जोबट विधायक कलावती भूरिया को भी इंदौर में आइसीयू में रखा गया ह, उनकी हालत भी स्थिर बनी हुई है। सूत्रों से पता चला है कि उन्हें 50 प्रतिशत तक इंफेक्शन बताया गया है, उनकी हालत में सुधार लाने के लिए उन्हें लगातार इंजेक्शन दिए जा रहे हैं।
डॉ. विक्रांत से हुई बात में उन्होंने खुलासा किया कि जनप्रतिनिधि होने के बाद भी परिजनों के उपचार में काफी समस्या का सामना करना पड़ा। झाबुआ या आसपास अस्पताल में कलावती दीदी के लिए बेड नहीं मिल रहा था। उस समय तक वरदान में पेशेंट का इलाज करने की अनुमति भी नहीं थी, जिसके बाद पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने इंदौर कलेक्टर को फोन किया, जिसके बाद बेड उपलब्ध हो सका। डॉ विक्रांत भूरिया ने भी अपने कई सोर्सेस लगाए, जिसके बाद रेमडेसीविर इंजेक्शन उपलब्ध हो पाया। जनप्रतिनिधियों और उनके परिजनों के लिए अस्पतालों में सुविधाएं नहीं है तो आम जनता की हालत का अंदाजा लगाया जा सकता है।