Rajasthan Crime: नवलगढ़ की पीएनबी बैंक शाखा में सामने आए गोल्ड घोटाले को लेकर जांच तेज हो गई है। पुलिस का कहना है कि मामले में बैंक कर्मचारियों के साथ बाहरी लोगों की मिलीभगत की भी आशंका है और कुछ संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है।
Nawalgarh PNB Gold Scam: नवलगढ़ के नानसा गेट स्थित पीएनबी बैंक शाखा में हुए गोल्ड घोटाले के मामले में पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है। वहीं बैंक के उच्चाधिकारियों की निगरानी में आंतरिक जांच भी चल रही है।
मामले में गुरुवार को पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय नवलगढ़ गए। इस दौरान उन्होंने बताया कि मामले में कुछ संदिग्ध लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। दोषी लोगों को दस्तयाब कर शीघ्र ही घोटाले की योजना सहित संपूर्ण खुलासा किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि इस घोटाले में बैंक कर्मचारियों के अलावा बाहरी व्यक्ति भी शामिल हो सकते हैं, इसकी भी जांच चल रही है। बैंक से कुल कितना गोल्ड चोरी हुआ, इसके लिए बैंक की तरफ से भी आर्ट स्पेशल इन्वेस्टिगेटर लगे हुए हैं। बैंक की फाइनल रिपोर्ट और मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद ही बैंक से चोरी हुए सोने की मात्र का सही पता चल पाएगा।
एसपी ने कहा कि ऐसा भी हो सकता है गोल्ड के एक ही आभूषण पर कई बार लोन लिया गया हो। जिन लोगों के नाम से फर्जी लोन लिए गए हैं, उनका इस घोटाले में शामिल होने से इनकार नहीं किया जा सकता है। प्रारंभिक जांच में गोल्ड का एक्चुअल मूवमेंट प्रतीत नहीं हो रहा है।
बैंक भी गए एसपी, अधिकारियों के साथ की बैठक
पुलिस अधीक्षक बृजेश ज्योति उपाध्याय ने पहले नवलगढ़ पुलिस थाने में पीएनबी बैंक के एजीएम सुधीर कुमार साहू, बैंक शाखा के मुख्य प्रबंधक मुकेश सिहाग सहित अन्य अधिकारियों से पूरी जानकारी ली। इस दौरान एएसपी देवेंद्रसिंह राजावत, नवलगढ़ वृत्ताधिकारी एएसपी महावीर सिंह, थानाधिकारी सीआई अजय सिंह मौजूद रहे।
इसके बाद एसपी उपाध्याय पुलिस टीम के साथ बैंक शाखा भी गए। वहां बैंक के स्ट्रांग रूम, गोल्ड सेफ, लॉकर आदि का निरीक्षण किया और बैंक में गोल्ड लोन व दूसरी प्रकार के लोन की प्रक्रिया सहित अन्य कार्यों की जानकारी ली।