देशभर में मौजूद करीब 4 लाख सीएससी (कॉमन सर्विस सेंटर) केंद्रों पर 20 लाख डिजिटल कैडेट्स की भर्ती की जाएगी।
देशभर में मौजूद करीब 4 लाख सीएससी (कॉमन सर्विस सेंटर) केंद्रों पर 20 लाख डिजिटल कैडेट्स की भर्ती की जाएगी। उल्लेखनीय है कि यह जन सेवा केंद्र (सीएससी) देश के छोटे कस्बों और ग्रामीण क्षेत्रों में विभिन्न प्रकार की सरकारी और एंटरप्राइजेज सेवाएं देते हैं। हर सीएसी केंद्र पर 5 डिजिटल कैडेट्स की नियुक्ति की जाएगी।
डिजिटल कैडेट्स को करने होंगे यह काम
सीएससी केंद्रों पर नियुक्त होने वाले डिजिटल कैडेट्स नागरिकों को विभिन्न सेवाओं के लिए डोर स्टेप एक्सेस प्रदान करेंगे, ग्रामीण ई-कोरेस और किसान ई-मार्ट के लिए डिलिवरी एजेंट के रूप में काम करेंगे। साथ ही सीएससी को सरकार और अन्य एजेंसियों के लिए विभिन्न सर्वेक्षण करने में मदद करेंगे। इसके अलावा यह कैडेट्स मरीजों और बीमार लोगों को घर पर स्वास्थ्य सेवा देने में भी मदद करेंगे।
सरकारी योजनाओं की जानकारी देंगे
डिजिटल कैडेट्स सीएससी की बी 2 सी सेवाओं के साथ ही सरकारी योजनाओं और कार्यक्रमों की जानकारी घर-घर पहुंचाएंगे। वे नागरिकों की कोविड 19 के दौरान सरकार द्वारा घोषित विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाने में मदद करेंगे। यह कैडेट्स समुदाय की क्रेडिट प्रोफाइल बनाने में मदद करेंगे ताकि उन्हें औपचारिक बैंकिंग चैनल से क्रेडिट प्राप्त करने में मदद मिल सके।
डिजिटल कैडेट्स को दी जाएगी ट्रेनिंग
डिजिटल कैडेट्स को विशेष रूप से समाज के कमजोर वर्गों के नागरिकों को सेवाएं प्रदान करने के लिए अपेक्षित कौशल में प्रशिक्षित किया जाएगा। हर सीएससी वीएलई डिजिटल सेवा पोर्टल पर उपलब्ध रजिस्ट्रेशन फॉर्म भरकर डिजिटल कैडेट्स को जोड़ सकते हैं।