
बालेसर (जोधपुर). थाना क्षेत्र के चिड़वाई गांव में बुधवार देर रात्रि को परिवार के साथ सो रहे गिरधारीराम की हत्या की गुत्थी पुलिस ने सुलझा ली है। हत्या के आरोपी भूराराम सुथार ने पूछताछ में पुलिस के सामने हत्या के सारे राज खोल दिए। पुलिस जांच में हत्या का कारण मृतक के भाई के अवैध सम्बंधों से उपजा विवाद बताया जा रहा है।
हत्या के आरोपी भूराराम व मृतक के भाई मोहनराम पुत्र फुसाराम मेघवाल के एक महिला के साथ पिछले चार-पांच वर्ष से अवैध सम्बंध थे। पिछले काफी समय से महिला से संबंधों को लेकर दोनों में विवाद चल रहा था। महिला के इशारे पर भूराराम ने मोहनराम को मारने के इरादे में बेगुनाह गिरधारी राम को मौत के घाट उतार दिया। पुलिस ने हत्या के आरोप में गगाड़ी निवासी भूराराम पुत्र कानाराम सुथार व महिला को गिरफ्तार किया है।
महिला ने ही भूराराम को थमाई थी तलवार
वृताधिकारी सिमरथाराम पटेल ने बताया कि पुलिस जांच में सामने आया कि महिला ने अपने रास्ते से मोहन को हटाने के लिए स्वयं भूराराम को तलवार थमाई थी। हत्या की रात वह भूराराम को गिरधारी के खेत तक छोड़ने के लिए गई तथा घर बताकर वापिस चली गई। भूराराम ने परिवार के साथ सो रहे गिरधारी राम को मोहनराम समझ कर मुंह पर तलवार से ताबड़-तोड़ वार कर दिए तथा मरा समझ मौके से भाग गया।
पुलिस की भनक लगते ही राजस्थान छोड़ा
भूराराम को बिल्कुल भी संदेह नही था कि पुलिस का हाथ उस तक पहुंच पाएगा, पर घटना के दूसरे दिन ही पुलिस की नजर उस तक पहुंच गई। वारदात की सुबह आरोपी अपने परिवार के साथ जोधपुर गया हुआ था, वापिस लौटते समय तिंवरी के पास उसे पुलिस के पीछे लगे होने की भनक लग गई। जिसके बाद वह वहां से फरार हो गया तथा भड़ुच होते हुए अहमद नगर छोटे भाई के पास पहुंच गया। जहां से पुलिस ने उसे दबोच लिया। पुलिस की पूछताछ में उसने महिला से अवैध सम्बंधो के चलते उसके ही इशारे पर हत्या करना स्वीकार किया है। आरोपी के कब्जे से पुलिस ने तलवार व खून से सने कपड़े बरामद किए हैं।
पुलिस टीम होगी पुरस्कृत
चिड़वाई ब्लाइंड मर्डर केस खोलने में अहम भूमिका निभाने वाले बालेसर थानाधिकारी देवेन्द्र सिंह, धन्नाराम, डुंगरराम, रामसुख, शुभागाराम, सुभाष विश्नोई, नारायण सिंह, सुमेर सिंह, दिनेश, प्रेम सिंह तथा स्पेशल टीम के अमानाराम, श्रवणकुमार, देवाराम, झुमरराम, चिमनाराम, मोहनराम को जिला पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) राहुल बाहरठ द्वारा पुरस्कृत किया जाएगा।