
जोधपुर। जिले के रेजिडेंसी रोड स्थित गांधी शांति प्रतिष्ठान केंद्र में रविवार को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के शिक्षा बचाओ, देश बचाओ संवाद कार्यक्रम के दौरान हंगामा हो गया। कार्यक्रम में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) और भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) से जुड़े कार्यकर्ता पहुंच गए। आरोप है कि कुछ कार्यकर्ता परिसर की दीवार फांदकर अंदर दाखिल हुए और जय श्रीराम के नारे लगाते हुए कार्यक्रम स्थल की ओर बढ़ने लगे। इससे मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों में भी अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।
कार्यक्रम में CJP के प्रवक्ता आशुतोष रांका शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर संवाद कर रहे थे। इसी दौरान कुछ युवाओं ने नारेबाजी शुरू कर दी। पुलिस ने स्थिति को संभालने के लिए प्रदर्शन कर रहे युवाओं को रोकने का प्रयास किया। पुलिसकर्मियों ने कई कार्यकर्ताओं को पकड़कर पुलिस वाहन में बैठाया।
मौके पर मौजूद लोगों के अनुसार, इसी दौरान CJP और विरोध करने पहुंचे कार्यकर्ताओं के बीच धक्का-मुक्की और झड़प की स्थिति बन गई। एक CJP कार्यकर्ता को थप्पड़ मारने और कपड़े फाड़ने की बात सामने आई है। हालांकि, पुलिस का कहना है कि मारपीट की औपचारिक सूचना मिलने के बाद ही इस संबंध में आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने मामले में ABVP के जोधपुर विभाग संयोजक ललित दाधीच और भाजयुमो के प्रदेश प्रवक्ता राजवीर सिंह बांता सहित करीब 10 से 11 लोगों को डिटेन किया। पुलिसकर्मी मौके पर मौजूद रहे और नारेबाजी कर रहे युवाओं को परिसर से बाहर ले गए।
जोधपुर डीसीपी ईस्ट मनीष कुमार चौधरी ने बताया कि गांधी शांति प्रतिष्ठान में CJP का कार्यक्रम चल रहा था। कुछ लोग कार्यक्रम स्थल की चारदीवारी कूदकर परिसर में प्रवेश करने का प्रयास कर रहे थे। इसी कारण कुछ लोगों को डिटेन किया गया है। उन्होंने कहा कि यदि मारपीट की सूचना या शिकायत प्राप्त होती है तो नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
CJP की ओर से जोधपुर में शिक्षा और युवाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में संगठन के को-कन्वीनर आशुतोष रांका के शामिल होने की जानकारी थी। कार्यक्रम के दौरान ABVP और भाजयुमो कार्यकर्ताओं की मौजूदगी और नारेबाजी के बाद माहौल गरमा गया।
बताया जा रहा है कि इसके बाद शास्त्री सर्किल गार्डन में CJP के छात्र संवाद कार्यक्रम को पुलिस की ओर से अनुमति नहीं दी गई। गांधी शांति प्रतिष्ठान में हुए घटनाक्रम के बाद पुलिस ने मौके पर सुरक्षा बढ़ा दी और स्थिति को नियंत्रित किया।
यह घटनाक्रम ऐसे समय हुआ है जब राजस्थान में छात्र राजनीति और छात्र संघ चुनाव को लेकर गतिविधियां तेज हैं। मामले में पुलिस की ओर से डिटेन किए गए युवाओं से पूछताछ की जा रही है। मारपीट या अन्य शिकायत मिलने के बाद पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई करेगी। दो दिन पहले ही जयपुर में इसी तरह की घटना सामने आई थी। स्कूल का निरीक्षण करने पहुंचे सीजेपी कार्यकर्ताओं की ग्रामीणों ने पिटाई कर दी थी।
हंगामे के बीच सेमिनार में आशुतोष रांका ने शिक्षा व्यवस्था को लेकर सरकारों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार कोई भी हो, देश की शिक्षा व्यवस्था में सुधार होना चाहिए। वर्तमान सरकार के साथ पूर्ववर्ती सरकारों ने भी शिक्षा पर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया। सरकारी स्कूल और कॉलेज लगातार हाशिए पर जा रहे हैं, जबकि निजी शिक्षण संस्थानों को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यदि सरकारी शिक्षण संस्थान कमजोर या बंद हो गए तो इसका सबसे बड़ा नुकसान समाज के अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति को होगा। गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तक उसकी पहुंच समाप्त हो जाएगी। सेमिनार ‘शिक्षा बचाओ-देश बचाओ आंदोलन, जोधपुर’ की ओर से आयोजित किया गया था। आशुतोष रांका को इसमें व्याख्यान के लिए आमंत्रित किया गया था।