जोधपुर

railway–‘दूर की कौडी’ है मेड़ता-पुष्कर नई रेलवे लाइन का सपना

- दस वर्ष पहले बनी थी 59 किमी रेलवे लाइन बिछाने की योजना
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Jun 24, 2020
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जोधपुर ।
जोधपुर मण्डल के लोगों के सीधे अजमेर रेलवे लाईन से जुडऩे का सपना अब दूर की कौड़ी नजर आ रहा है। अजमेर से तीर्थनगरी पुष्कर तक रेल मार्ग बिछाते समय ही पुष्कर-मेड़ता के बीच 59 किलोमीटर रेलवे लाइन बिछाने की योजना बनी थी। रेलवे बोर्ड ने दस वर्ष पहले वर्ष 2010-11 में इसका सर्वे भी करा लिया था। उम्मीद थी कि अजमेर-पुष्कर के बीच नई रेल लाइन शुरू होते ही इस परियोजना पर भी काम शुरू हो जाएगा। 2010-11 सर्वे रिपोर्ट के अनुसार अनुमानित लागत 323 करोड रुपए की इस परियोजना को 2013-14 बजट में स्वीकृति मिली थी लेकिन यह परियोजना दस वर्षों बाद भी आगे ही नहीं बढ़ पाई।
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उत्तर पश्चिम रेलवे व रेलवे बोर्ड के अलग-अलग जवाब
अजमेर को बीकानेर होते हुए पंजाब व उत्तर भारत से जोडऩे वाली महत्वपूर्ण पुष्कर-मेड़ता रेलवे लाइन बजट की कमी की वजह से अटकी हुई है। आरटीआइ कार्यकर्ता दीनदयाल बंग ने उत्तर पश्चिम रेलवे से जानकारी मांगी तो, उत्तर पश्चिम रेलवे केजवाब अनुसार इस परियोजना का आर्थिक मामलों की समिति (सीसीईए) अनुमोदन दस वर्षों के बाद भी नहीं आया है । वहीं रेलवे बोर्ड का कहना है कि भागीदारी को लेकर भेजे प्रस्ताव पर राज्य सरकार द्वारा कोई जवाब नहीं आया, जिसके चलते परियोजना आगे नहीं बढ़ पाई।
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अब उम्मीद नहीं
यह परियोजना कांग्रेस सरकार के समय रेल बजट 2013-14 में स्वीकृत हुई। उसके कुछ दिनों बाद भाजपा सत्ता में आ गई। तब से आज तक वर्तमान सरकार ने सीसीईए अनुमोदन नहीं दिया व राज्य से भागीदारी की बात करें तो 2014 से केन्द्र में भाजपा सरकार में है। राज्य में 2013 से 2018 तक भाजपा सरकार थी, फि र भी परियोजना आगे नहीं बढ़ी। अब तो राज्य व केन्द्र दोनों में अलग-अलग पार्टियों की सरकारें होने की वजह से उम्मीद नहीं के बराबर है ।

Published on:
24 Jun 2020 10:07 am