जोधपुर

कोरोना साइड इफैक्ट : पलायन कर चुके परिवारों से शिक्षा विभाग को कम नामांकन का खतरा

कोरोना महामारी में विशेषकर प्रवेशोत्सव जैसे कार्यक्रम सोशल डिस्टेंटसिंग के अभाव में रूकेंगे। जबकि शिक्षा विभाग स्कूलों में कई दिनों तक प्रवेशोत्सव मनाता है। रैलियां तक निकलती है, लेकिन इस बार ये प्लानिंग शामिल है या नहीं, इसके लिए आदेश का इंतजार है।
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education department will face low Enrollment of students in corona
कोरोना साइड इफैक्ट : पलायन कर चुके परिवारों से शिक्षा विभाग को कम नामांकन का खतरा

अभिषेक बिस्सा/जोधपुर. आगामी माह में अब शिक्षा विभाग के सरकारी स्कल भी खुलेंगे। लेकिन हर साल नामांकन के लिए दिए जाने वाले टारगेट में इस बार कमी आ सकती है। क्योंकि सरकारी स्कूलों में बच्चों को विद्यालय लाने में खासी मशक्कत करनी पड़ सकती है। क्योंकि इस बार गांवों व शहरों में कई परिवार पलायन कर चुके है। ऐसे में कोरोना महामारी के दौर में मौजूदा बच्चों को भी स्कूल लाना संस्था प्रधानों के लिए चुनौती से कम नहीं होगा।

प्रवेशोत्सव आदि कार्यक्रम संभवत रूकेंगे
कोरोना महामारी में विशेषकर प्रवेशोत्सव जैसे कार्यक्रम सोशल डिस्टेंटसिंग के अभाव में रूकेंगे। जबकि शिक्षा विभाग स्कूलों में कई दिनों तक प्रवेशोत्सव मनाता है। रैलियां तक निकलती है, लेकिन इस बार ये प्लानिंग शामिल है या नहीं, इसके लिए आदेश का इंतजार है। राजस्थान शिक्षक संघ राधाकृष्णन के जिलाध्यक्ष इन्द्रविक्रमसिंह चौहान ने कहा कि इस बार अध्ययनरत विद्यार्थियों की गुणवत्ता पर ध्यान दिया जाना चाहिए। वंचित विद्यार्थियों को शिक्षा से जोडऩे के लिए नई योजना के तहत कार्य होना चाहिए। ताकि संक्रमणकाल में कोई शिक्षा से वंचित नहीं रहे।

इनका कहना है
वैसे नामांकन का खतरा हो सकता है, लेकिन एक बात ये भी है कि कई प्रवासी वापस जोधपुर आए है, इनसे नामांकन बढ़ सकता है।
- संतोष, डीईओ प्राशि मुख्यालय, जोधपुर

Published on:
07 Jun 2020 02:44 pm