
न्यायाधीश संदीप मेहता तथा न्यायाधीश कुलदीप माथुर की खंडपीठ में याचिकाकर्ता मिलापचंद माली की ओर से राज्य राजमार्ग पर अवैध निर्माण का मामला उठाया गया। याचिकाकर्ता के अनुसार राज्य राजमार्ग संख्या 6 (डूंगरगढ़ से राजगढ़) के बीच में एक पिरामिड के रूप में पूरी तरह से अवैध ढांचा बनाया गया है, जिसके ऊपर एक मंदिर का निर्माण किया गया है। यह राजमार्ग को बाधित कर रहा है। सरकार ने अपने जवाब में इस तथ्य से इनकार नहीं किया कि तथाकथित मंदिर राजमार्ग की भूमि पर अतिक्रमण के अलावा कुछ नहीं है। कोर्ट ने कहा कि तस्वीरों से स्पष्ट है कि मंदिर जैसा एक नवनिर्मित ढांचा है, जो कि राजमार्ग पर यातायात के सुचारू संचालन में बाधक है। कोर्ट ने चूरू जिला कलक्टर को निर्देश दिए कि अतिक्रमण को सुनवाई की अगली तिथि तक हटाना सुनिश्चित करें, जिसकी पालना रिपोर्ट अगली तिथि तक पेश करने को कहा गया है। इसके विफल होने पर जिला कलक्टर, चूरू को सुनवाई की अगली तिथि पर व्यक्तिगत रूप से उपस्थित रहना होगा।