
जोधपुर.
मथानिया से ओसियां जाने वाले स्टेट हाइवे पर नेवरा गांव रोड के तिंवरी फांटा के पास गुरुवार शाम तेज रफ्तार एसयूवी की चपेट से मोटरसाइकिल सवार कृषक की मौत हो गई। हादसे के बाद ग्रामीणों ने मृतक के आश्रित को मुआवजा और सडक़ पर डिवाइडर बनाने की मांग को लेकर रास्ता रोक दिया। करीब डेढ़-दो घंटे बाद डिवाइडर की मांग पर सहमति बनने पर रास्ता खोल दिया, लेकिन मुआवजे को लेकर देर रात तक गतिरोध बना हुआ था।
पुलिस के अनुसार मथानिया निवासी चंपालाल (५०) पुत्र किशनाराम मेघवाल शाम साढ़े पांच बजे मोटरसाइकिल पर ट्यूबवेल की तरफ जा रहा था। तिंवरी फांटा से मुड़ते समय जोधपुर की तरफ से आ रही तेज रफ्तार एसयूवी ने मोटरसाइकिल को चपेट में ले लिया। एसयूवी चालक बाइक व कृषक को काफी दूर तक घसीटते ले गया। चंपालाल की मौके पर ही मृत्यु हो गई। बाइक के फंसने पर वह कार मौके पर ही छोड़ मथानिया थाने पहुंच गया। पुलिस ने उसे हिरासत में लेने के साथ एसयूवी भी कब्जे में ले ली।
सडक़ पर पत्थर डालकर रोका स्टेट हाइवे
हादसे का पता लगते ही लोग मौके पर पहुंचे और शव उठाने से इनकार कर दिया और आए दिन होने वाले हादसों की रोकथाम के लिए डिवाइडर बनाने की मांग करने लगे। ग्रामीणों ने रोड पर पत्थर डाल रास्ता रोक दिया और शव को सडक़ के साइड में रखकर मृतक के आश्रित को उचित मुआवजा दिलाने की मांग करने लगे। मथानिया थानाधिकारी गौतम डोटासरा और एसडीएम (ओसियां) रतनलाल रैगर मौके पर पहुंचे। एसडीएम ने पीडब्ल्यूडी अधिकारियों से वार्ता कर शुक्रवार को डिवाइडर बनाने पर सहमति जताई। इस पर ग्रामीणों ने रास्ता खोल दिया।
मुआवजे की मांग पर गतिरोध
एसडीएम ने मुख्यमंत्री सहायता कोष से आश्रित को एक लाख रुपए देने की बात कही, लेकिन ग्रामीण अधिक मुआवजे की मांग पर अड़े गए । पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी वार्ता कर गतिरोध दूर करने में लगे रहे ।