
जोधपुर। पाली जिला पुलिस ने बंदूक की नोक पर दो लोगों का अपहरण कर एक करोड़ रुपए फिरौती मांगने के मामले का पर्दाफाश करते हुए मुख्य आरोपी को हैदराबाद में दबोच लिया। उसके चार सहयोगियों को भी गिरफ्तार किया गया है, जबकि चार अन्य अभी हाथ नहीं लगे हैं। आरोपियों ने गत 10 अक्टूबर को जोधपुर जिले के बिलाड़ा हाल सोजत रोड निवासी चैनाराम पटेल व उसके ड्राइवर का अपहरण कर फिरौती मांगी थी। बाद में सात लाख रुपए एडवांस लेकर दोनों को नागौर के मेड़ता सिटी के पास छोड़ दिया।
पुलिस अधीक्षक राहुल कोटकी के अनुसार मुख्य आरोपी सोजत थानान्तर्गत सियाट के निकट लीलिया निवासी राजू इनाणिया को हैदराबाद में दबोचा। वह फिरौती की पेशगी रकम मिलने के बाद भाग गया था। उसे हैदराबाद से पाली लाया गया है। उसके तीन सहयोगियों डांगावास निवासी नृसिंह डांगा पुत्र पुखराज जाट, डांगावास निवासी सुरेंद्र कमेडिय़ा उर्फ गब्बर पुत्र केलाराम जाट व मेड़ता सिटी निवासी दीपक वैष्णव पुत्र कालूराम वैष्णव को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। चार अन्य आरोपियों तिलवासनी बिलाड़ा निवासी अशोक विश्नोई उर्फ एस्टल, खारिया मीठापुर बिलाड़ा निवासी राकेश खटीक पुत्र गोपाराम, रेणी गेट मेड़ता निवासी विष्णु नायक पुत्र भीकाराम नायक व बीके विश्नोई की तलाश जारी है।
सत्तर लाख में सौदा, सात लाख एडवांस
कोटकी के अनुसार चैनाराम कार में ड्राइवर के साथ सोजत आ रहा था। रात के अंधेरे में सियाट के पास दो कारों में सवार होकर आए आरोपियों ने कार में तोड़फोड़ की। बंदूक व चाकू दिखाकर दोनों का अपहरण कर लिया। एक सुनसान इलाके में आरोपियों ने उसे व परिवार के लोगों को जान से मारने की धमकी देकर एक करोड़ रुपए फिरौती मांगी। फिरौती की राशि 70 लाख रुपए तय हुई। उसने एडवांस के रूप में अपने मित्र मनीष से सात लाख रुपए दिलाए। इसके बाद आरोपी उनके मेड़ता रोड के पास छोड़कर भाग गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर सीओ सोजत हेमंत जाखड़, सोजत सिटी थानाधिकारी रामेश्वरलाल भाटी व सोजत रोड थानाधिकारी सीमा जाखड़ के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया।
बंद कर दिए मोबाइल
आरोपियों की तलाश में पुलिस ने कई जगह दबिश दी। आरोपियों ने लोकेशन छिपाने के लिए अपने मोबाइल फोन बंद कर दिए। इस बीच पुलिस को राजू के तमिलनाडू भागने की खबर मिली। तलाश के दौरान उसके हैदराबाद में होने की सूचना पर पहुंची पुलिस ने उसे दबोचा।
जोधपुर में किया था हनीट्रेप
आरोपी राजू जोधपुर कमिश्नरेट में हनी ट्रेप के मामले में गिरफ्तार हुआ था। उसे गत 17 सितंबर को ही जमानत मिली थी। उसके खिलाफ दो मामले पहले से दर्जज हैं। अन्य आरोपी नृसिंह डांगा के खिलाफ एक भी एक, दीपक के खिलाफ दो मामले दर्ज है।