
जोधपुर.
संशेाधित वेतनमान व एरियर का भुगतान न होने से जेल प्रहरियों में असंतोष व्याप्त है। जेल प्रहरियों ने कारागार विभाग व राज्य सरकार के बीच हुए समझौते को लागू करने की मांग की है।
जेल प्रहरियों ने बताया कि प्रहरियों को एल-3 पे मैट्रिक्स फिक्सेशन और मुख्य प्रहरियों को एल-8 का वेतनमान दिया जा रहा है। जबकि दोनों में सिर्फ एक पद का ही अंतर है। इस संबंध में वर्ष 2017 में राज्य स्तर पर मैस का बहिष्कार कर रोष जताया गया था। तब कारागार विभाग व शासन ने पुलिसकर्मियों के समान वेतनमान स्वीकृत करने की सहमति जताई थी। राज्य सरकार ने 4 जून 2019 को कारागार कार्मिकों के लिए वेतन संशोधन के आदेश जारी किए थे। प्रहरी को छोड़ अन्य जेल कर्मचारियों व अधिकारियों को लाभ जारी कर दिया गया था। जबकि प्रहरी को अभी तक एल-3 का वेतनमान ही दिया जा रहा है। दो साल बाद भी जेल प्रहरी अल्प वेतन भोगी के रूप में ही कार्यरत हैं।
जेल प्रहरियों ने एल-5 पे मैट्रिक्स में वेतन संशोधन व एरियर का लाभ देने की मांग की है।