
जोधपुर. सालावास गांव में शुक्रवार को कोविड-19 गाइडलाइन की पालना का आदर्श उदाहरण देते हुए एक शादी हुई। वधु पक्ष की ओर से दुल्हे के साथ आए 24 बारातियों को आधा लीटर सेनेटाइजर की बोतल और 5 मास्क बतौर गिफ्ट दिए गए। उधर वधु की विदाई के बाद घर की बहन-बेटियों को भी सीख में कपड़ों के साथ सेनेटाइजर व मास्क दिए गए।
सालावास गांव निवासी सोहनलाल गहलोत के घर उनकी बेटी सीमा की शादी थी। मथानियां के भगाराम टाक अपने पुत्र बीएसएफ जवान मुकेश की बारात लेकर आए। शामियाने को कोविड-19 में जागरुकता थीम पर सजाकर कई बैनर लगाए गए। एक बैनर में बाहुबली फिल्म के डायलॉग का उल्लेख करते हुए यह लिखा गया कि ‘जब तक मेरे चेहरे पर मास्क है.. मुझे मारने वाला कोई कोरोना पैदा नहीं हुआ है, मामा’। एक अन्य बैनर में शोले फिल्म का सीन उल्लेखित करते हुए ठाकुर को दिखलाया गया, जिसमें ठाकुर को इंगित करते हुए यह लिखा गया कि ‘मेरे तो हाथ नहीं है इसलिए मैं मजबूर हूं, आपके तो हाथ भी है इसलिए मास्क जरूर लगाएं’। वहीं एक बैनर में ‘थोड़ा बदला हुआ है, व्यवहार क्या करें करना है कोरोना पर वार’ लिखा था।
6000 की जगह केवल 100 व्यक्तियों को खाना
सोहनलाल का भरा-पूरा परिवार है। हर बार ब्याह में 6000 से 6500 व्यक्तियों का प्रीतिभोज होता है। इस बार बाहरी व्यक्ति को निमंत्रण नहीं दिया गया। बारात सहित पूरे घर के लिए दिनभर में 100 व्यक्तियों का ही खाना बनाया गया।
बेटी की इच्छा थी
मेरी बेटी की इच्छा थी कि कोविड-19 की पूरी पालना करते हुए शादी की जाए ताकि सभी समाजों में एक सकारात्मक संदेश जा सके।
सोहनलाल गहलोत, वधु के पिता