
जोधपुर. मारवाड़ में मंगलवार को भीषण उमस भरी गर्मी रही। दोपहर बाद इंसान तो क्या पशु-पक्षी भी छटपटाने लग गए। जोधपुर में पारा कल के समान ही 41.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। उमस भरी गर्मी ने लोगों को हलकान कर दिया। उधर पाकिस्तान से आ रही गर्म हवाओं ने आग में घी का काम किया। ऊपर से उसमस और उस पर गर्म हवा के झौंकों ने लोगों को निढाल सा कर दिया। दिनभर लोग उमस भरी गर्मी में बैचेन रहे। जोधपुर और बीकानेर संभाग में अगले तीन-चार दिनों तक शुष्क मौसम रहेगा। मानसून भी अभी जल्दी सक्रिय होने वाला नहीं है। कुल मिलाकर मौसम के विरुद्ध यह परीक्षा की घड़ी है।
मंगलवार को सूर्यनगरी में भोर में पारा 30.3 डिग्री और हवा में आपेक्षिक आद्र्रता 69 प्रतिशत थी। शहरवासी जब तक नींद से उठे तब तक धूप निकलने के कारण फिर से उमस व्याप्त हो गई। सुबह 7 बजे धूप में खड़े होना मुश्किल हो रहा था। सुबह की सैर करने वाले लोग भी पार्क और जिम से सुबह सात बजे अपने-अपने घर लौटने लगे। सुबह दस बजे धूप में खड़े वाहन तपने लग गए। दोपहर बाद तापमान कल के समान ही 41.1 और आद्र्रता 34 प्रतिशत थी। उमस के कारण शाम 7 बजे तक शहरवासियों की हालत पतली थी।
केवल एसी में ही राहत
उसम भरी भीषण गर्मी में इस समय केवल एयर कंडिशन ही राहत दे रहा है। कूलर और पंखे चलाने वाले बेहाल है। बंद इमारतों में घुटन महसूस हो रही है। खुली हवा में जरुर कुछ सांस आ रही है। जिले के ग्रामीण हिस्सों में भी पश्चिमी गर्म हवाएं चलने के बाद क्षेत्रवासी हलकान हो रहे हैं।
10 दिन से बाड़मेर-जालोर में अटका है मानसून
मानसून ने प्रदेश में 18 जून को उदयपुर और झालावाड़ के रास्ते प्रवेश किया था। उसके अगले दिन मारवाड़ में बाड़मेर व जालोर तक आ गया। उसके बाद दस दिन से यह वहीं पर ही अटका हुआ है। मौसमी परिस्थितियां अनुकूल नहीं होने से इसके अगले एक सप्ताह तक आगे बढऩे की कोई संभावना नहीं है।
मारवाड़ में कहां-कितना पारा
स्थान ---------- अधिकतम तापमान
नागौर -------- 43
जैसलमेर -------- 42.8
पाली -------- 42.3
बाड़मेर -------- 41.6
जोधपुर -------- 41.1