जोधपुर

62 साल बाद जोधपुर में उतरा द्वितीय विश्व युद्ध का लड़ाकू विमान स्पिट फायर, 29 देशों की करेगा यात्रा

द्वितीय विश्व युद्ध में ब्रिटिश रॉयल एयरफोर्स और मित्र देशों की एयरफोर्स का हिस्सा रहा स्पिट फायर लड़ाकू विमान 62 साल बाद गुरुवार को जोधपुर एयरबेस पर उतरा। उस समय यह इंडियन एयरफोर्स की ओर से द्वितीय विश्व युद्ध में धुरी राष्ट्रों के विरुद्ध लड़ा था। सिल्वर स्पिट फायर नागपुर से यहां पहुंचा है।
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second world war fighter plane spit fire reached jodhpur
62 साल बाद जोधपुर में उतरा द्वितीय विश्व युद्ध का लड़ाकू विमान स्पिट फायर, 29 देशों की करेगा यात्रा

जोधपुर. द्वितीय विश्व युद्ध में ब्रिटिश रॉयल एयरफोर्स और मित्र देशों की एयरफोर्स का हिस्सा रहा स्पिट फायर लड़ाकू विमान 62 साल बाद गुरुवार को जोधपुर एयरबेस पर उतरा। उस समय यह इंडियन एयरफोर्स की ओर से द्वितीय विश्व युद्ध में धुरी राष्ट्रों के विरुद्ध लड़ा था। सिल्वर स्पिट फायर नागपुर से यहां पहुंचा है। एयरबेस पर जोधपुर एयर स्टेशन के इंचार्ज एयर कोमोडार फिलिप थॉमस और पूर्व सांसद गजसिंह ने अगवानी की। विमान को इंग्लैण्ड के पायलट स्टीव ब्रुक और मैट जोन्स उड़ा रहे हैं। यह शुक्रवार को यहां से रवाना होगा।

वल्र्ड टूर पर निकला यह विमान 29 देशों के एयरबेस पर जाएगा, जहां इसने द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान उड़ानें भरी थी। यह लड़ाकू विमान की लॉन्गेस्ट फ्लाइट होगी। पिछले शनिवार को यह म्यांमार था, जहां से कोलकाता पहुंचा। दो दिन पहले ही यह नागपुर आया था जहां से इसने जोधपुर के लिए उड़ान भरी। इस मौके गजसिंह की ओर से उम्मेद भवन में प्रदर्शनी व समारोह का आयोजन किया गया।

जिसमें एयरकोमोडोर थॉमस के अलावा केंद्रीय जलशक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, सांसद राजीव प्रताप रुडी, कोणार्क कोर के लेफ्टिनेंट जनरल वीएस श्रीनिवासन, एयरपोर्ट निदेशक जीके खरे और स्पिट फायर की टीम शामिल हुई। गौरतलब है कि जोधपुर में महाराजा उम्मेद सिंह की ओर से 1931 में ही फ्लाइंग क्लब की स्थापना की गई थी। वे स्वयं पायलट थे। ब्रिटिश सरकार ने उन्हें एयर वाइस मार्शल की उपाधि दी थी।

Published on:
08 Nov 2019 02:01 pm