नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) को लेकर देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी में रविवार को जुबानी जंग छिड़ गई। सिंह ने कहा कि भाजपा अपने वादों को पूरा करती है, इसलिए सीएए को पूरे देश में किसी भी कीमत पर लागू किया जाएगा, कोई भी पश्चिम बंगाल में सीएए को लागू होने से नहीं रोक सकता है।
नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) को लेकर देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी में रविवार को जुबानी जंग छिड़ गई। सिंह ने कहा कि भाजपा अपने वादों को पूरा करती है, इसलिए सीएए को पूरे देश में किसी भी कीमत पर लागू किया जाएगा, कोई भी पश्चिम बंगाल में सीएए को लागू होने से नहीं रोक सकता है। दूसरी तरफ मुख्यमंत्री ममता ने कहा कि वे इसे कभी लागू नहीं होने देंगी। सिंह ने स्पष्ट किया कि सीएए किसी की नागरिकता छीनने के लिए नहीं है बल्कि धार्मिक आधार पर पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से विस्थापित लोगों को भारतीय नागरिकता देने का कानून है। मालदह उत्तर निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार खगेन मुर्मू के समर्थन में रैली को संबोधित करते हुए सिंह ने कहा कि कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस या वामपंथी दल चुनाव के दौरान कई वादे करते हैं, जो पूरे नहीं होते हैं, लेकिन भाजपा अपने वादों को पूरा करती है। उन्होंने कहा कि शेष भारत के साथ-साथ पश्चिम बंगाल में भी सीएए को लागू होने से कोई नहीं रोक सकता। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी कहती हैं कि वे अपने राज्य में सीएए को लागू नहीं होने देंगी। वे पश्चिम बंगाल के लोगों को धोखा देने की कोशिश क्यों कर रही हैं।
सिंह ने ममता पर नागरिकता (संशोधन) अधिनियम (सीएए) के बारे में झूठ फैलाने और लोगों, खासकर मुस्लिम समुदाय को गुमराह करने का आरोप लगाया। भाजपा नेता ने कहा कि मुझे लगता है कि क्या तृणमूल ही कांग्रेस पार्टी है, क्योंकि जवाहर लाल नेहरू और इंदिरा गांधी के नारे ‘गरीबी हटाओ' पूरे भारत में लागू नहीं हुए, उसी तरह बंगाल में प्रचलित अराजकता, भ्रष्टाचार, कमीशन संस्कृति और लूट-खसोट के कारण लोगों की स्थिति बेहद खराब हो गई है। सिंह ने मुर्शिदाबाद के लोगों से पश्चिम बंगाल में भाजपा उम्मीदवारों के पक्ष में मतदान करके 30 सीटें सुनिश्चित करने के बाद वापस लौटने और उनके समक्ष सिर झुकाने का आश्वासन दिया।
राजनाथ सिंह ने कहा कि राज्य में टीएमसी सरकार लंबे समय से सत्ता में है। अगर कोई पूछे कि पार्टी ने राज्य के लिए क्या किया है, तो लोग कहेंगे कि कुछ नहीं। सभी सरकारी ठेके टीएमसी कार्यकर्ताओं को दिए गए। राज्य में कोई कानून-व्यवस्था नहीं है। राज्य कैसे प्रगति करेगा? अगर राज्य में कानून-व्यवस्था खराब स्थिति में है, तो विकास कभी नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि मोदी के शासन में हमने दिखा दिया है कि अगर कोई पार्टी विकास करना जानती है तो वह भारतीय जनता पार्टी है।
उत्तर बंगाल के पड़ोसी बालुरघाट इलाके में चुनावी रैली में मुख्यमंत्री ममता ने पलटवार करते हुए कहा कि भाजपा सीएए और एनआरसी को चुनौती देने के मेरे अधिकार पर सवाल उठा रहे हैं। वे कौन होते हैं मुझसे सवाल करने वाले? जब मैंने कहा कि हम सीएए और एनआरसी को लागू नहीं होने देंगे तो मेरा मतलब यही है। उन्होंने असम में एनआरसी लागू करने की कोशिश की, तृणमूल कांग्रेस इसका विरोध करने वाली एकमात्र राजनीतिक पार्टी थी।