Laptop Keyboard Par Bacteria Ke Khatre : क्या आप जानते हैं आपका लैपटॉप टॉयलेट सीट से पांच गुना ज्यादा गंदा हो सकता है? सीनियर जनरल फिजिशियन डॉ. विशाल गुप्ता से जानिए कीबोर्ड पर छिपे बैक्टीरिया से बचने के आसान और असरदार उपाय जानिए।
Your Laptop Is Dirtier Than Toilet Seat : दिनभर की टाइपिंग, कॉफी की चुस्कियां, खाने के वक्त की जल्दी यही आदतें आपके कीबोर्ड को बैक्टीरिया का घर बना देती हैं। यूनिवर्सिटी ऑफ एरिजोना की एक स्टडी के अनुसार, ऑफिस कीबोर्ड पर औसतन टॉयलेट सीट से पांच गुना ज्यादा बैक्टीरिया पाए जाते हैं। हैरानी की बात यह कि एक कीबोर्ड पर लगभग 20000 बैक्टीरिया प्रति वर्ग इंच मौजूद हो सकते हैं। एक ऑफिस कर्मचारी के लैपटॉप पर 1.5 करोड़ माइक्रोब्स होते हैं। सीनियर जनरल फिजिशियन डॉ. विशाल गुप्ता से जानिए कितने खतरनाक हो सकते हैं ये बैक्टीरिया।
हम बिना हाथ धोए लैपटॉप छूते हैं, काम करते हुए स्नैक्स खाते हैं,छीकते हैं और कॉफी गिरा देते हैं। इन छोटी-छोटी आदतों से कीबोर्ड पर बैक्टीरिया का परिवार बस जाता है। आपके हर टाइप किए गए शब्द के साथ कीबोर्ड पर एक नया बैक्टीरिया जन्म ले सकता है।
कीबोर्ड पर पाए जाने वाले बैक्टीरिया सीधे त्वचा, आंखों या मुंह के संपर्क में आते हैं। रोजाना की सफाई और हाथ धोना संक्रमण से बचाव का सबसे आसान तरीका है। संक्रमण से बचने के लिए हैंड सैनिटाइजर डेस्क पर साथ रखें और समय समय पर हाथों को सेनेटाइज करते रहें–
डॉ. विशाल गुप्ता
ई. कोलाई- यह पेट में संक्रमण, दस्त और फूड पॉइजनिंग का कारण बन सकता है।
स्टैफिलोकोकस ऑरियस- त्वचा पर फोड़े, खुजली या संक्रमण पैदा करता है।
स्यूडोमोनास एरुजिनोसा- यह आंखोें और कानों के संक्रमण का कारण बन सकता है।
सर्दी-जुकाम वायरस- कीबोर्ड और माउस पर 24 घंटे से अधिक समय तक जीवित रह सकता हैं।
रोजाना माइक्रोफाइबर कपड़े से सफाई करें
हर हफ्ते 70% आइसोप्रोपाइल अल्कोहल से लैपटॉप पोंछें। लैपटॉप पर खाना-पीना अवॉइड करें। कीबोर्ड कवर और सैनिटाइजर वाइप्स का इस्तेमाल करें। काम से पहले और बाद में हाथ धोना न भूलें।
आस्ट्रेलिया की स्विनबर्न यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी में हुई एक रिसर्च में देखा गया कि पर्सनल और शेयर किए गए कीबोडर्स पर कई प्रकार के बैक्टीरिया पाए जाते हैं।
डॉ. विशाल गुप्ता