ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में रिटायर्ड IPS अधिकारी राजेश कुमार एलएलबी की परीक्षा दे रहे थे। इस दौरान परीक्षा हॉल में जांच करने पहुंची फ्लाइंग स्क्वायड टीम ने उन्हें नकल करते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया।
लखनऊ में एक अजीबोगरीब मामला सामने आया है। गुरुवार को यहां केएमसी भाषा विश्वविद्यालय में आयोजित एलएलबी प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा में एक रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी राजेश कुमार नकल करते हुए पकड़ा गया। यह लगातार दूसरा दिन है जब कुमार को परीक्षा के दौरान नकल सामग्री के साथ पकड़ा गया।
इस बारे में केएमसी भाषा विश्वविद्यालय में परीक्षा नियंत्रक भावना मिश्रा ने बताया कि कुमार को एलएलबी प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा के समय एक कागज के टुकड़े पर पहले से लिखे नोट्स से नकल करते हुए पाया गया था। बुधवार को फ्लाइंग स्क्वायड टीम के सदस्यों ने कुमार को रंगे हाथ पकड़ लिया। उनकी कॉपी और पहले से लिखे नोट्स को जब्त कर लिया गया। इसके बाद उन्हें पेपर लिखने के लिए एक नई उत्तर पुस्तिका दी गई।
जीरो टॉलरेंस की नीति अपना रहा है विश्वविद्यालय
वहीं, मिश्रा ने कहा कि गुरुवार को भी जांच के दौरान उसके पास से पहले से लिखे नोट्स बरामद हुई थी। लेकिन इस बार किसी ने भी उसे नोट करते हुए नहीं देखा। एक अन्य अधिकारी ने कहा कि विश्वविद्यालय ने जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई है। यह पहली बार है कि विश्वविद्यालय कानून की परीक्षा आयोजित कर रहा है।
कुलपति प्रो एनबी सिंह ने कहा कि इस मामले को किसी अन्य मामले की तरह ही माना जा रहा है। विश्वविद्यालय ने इस मामले को नियमित रूप से देखा है। वहीं, दिसंबर 2011 में क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी जेपी सिंह पर कानून की एक परीक्षा में धोखाधड़ी करने का मामला दर्ज किया गया था। इसके अलावा हिमाचल कैडर के आईपीएस अधिकारी सिंह शहर के नर्मदेश्वर कॉलेज से एलएलबी के तीसरे सेमेस्टर की परीक्षा में बैठे थे। लखनऊ विश्वविद्यालय के अधिकारियों ने कहा कि उड़न दस्ते ने अपने दौरे के दौरान सिंह के पास से हस्तलिखित चिटें बरामद की गई थी।