महाराजगंज

लोकसभा चुनाव को लेकर बसपा ने शुरू की तैयारी, इस दिग्गज नेता ने शुरू किया जनसंपर्क अभियान

बसपा को उम्मीद, इन सीटों पर हो सकती है दावेदारी

2 min read
BSP

महराजगंज. सपा बसपा गठबंधन के बीच महराजगंज संसदीय सीट पर बसपा ने अपना दावा ठोंक दिया है और इसी के साथ अपने संभावित उम्मीदवारी को लेकर आशान्वित विघान परिषद के पूर्व सभापति गणेश शंकर पांडेय ने चुनावी सरगर्मी भी तेज कर दी है। बसपा में हालाकि नामांकन के दिन तक किसी का टिकट फाइनल नहीं रहता बावजूद इसके गणेश शंकर पांडेय अपनी उम्मीदवारी को लेकर निश्चिंत है।


बता दें कि गोरखपुर और फूलपुर लोकसभा के उपचुनाव में अप्रत्याशित रूप से सपा बसपा एक साथ आए और गोरखपुर में सीएम योगी तथा फूलपुर में डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या को पटकनी दे दी। इस चुनाव परिणाम के बाद निसंदेह भाजपा का हौसला पस्त हुआ है और सपा बसपा गठबंधन का हौसला परवान चढ़ा है। और इसी के बाद सपा बसपा के गठबंधन की नींव और मजबूत हुई। अब तो दोनों के बीच सीटों का बंटवारा भी लगभग फाइनल दौर में है जबकि इस गठबंधन में कांगे्रस के रूख का स्पष्ट होना अभी बाकी है। फिलहाल लोकसभा की सीटों के बंटवारे का जो पैमाना है वह पिछले लोकसभा चुनाव मे दोनों दलों को मिले वोट है। महराजगंज ससंदीय सीट पर बसपा कभी बिजयी नहीं रही है लेकिन दूसरे नंबर पर एकाध बार जरूर रही है। 2014 के लोकसभा चंनाव में भी इस सीट पर बसपा के उम्मीदवार काशीनाथ शुक्ला दूसरे नंबर पर रहे। इस वजह से इस सीट पर बसपा अपनी दावेदारी जता रही है। सपा के अखिलेश सिंह इस सीट से एक बार एमपी रह चुके हैं लेकिन पिछले चुनाव में तीसरे नंबर पर रहने से उनके टिकट पर ग्रहण लगता हुआ जान पड़ रहा है। हालाकि गठबंधन में वे भी अपनी दावेदारी पक्की मान रहे हैं। सपा के एक पदाधिकारी ने कहा कि जातिय समीकरण से सपा की स्थित यहां मजबूत रहेगी। गणेश शंकर पांडेय शत प्रतिशत ब्राम्हण वोटरों पर भरोसा नहीं कर सकते क्योंकि इन वोटरों का बड़ा वर्ग अभी भी भाजपा के साथ है जबकि यादव और मुस्लिम सपा को छोड़कर कहीं नहीं जा सकते।


फिलहाल सीटों के बंटवारे की यह गणित अभी सपा बसपा गठबंधन के बीच की है। इस गठबंधन का हिस्सा यदि कांगे्रस बनती है तो सीट बंटवारे का अंकगणित परिवर्तित हो सकता है। क्योंकि इस सीट पर कांगे्रस भी अपना दावा ठोकना चाहेगी। उसके पास इस सीट से दो मजबूत उम्मीदवार हैं और दोनों के ही चुनाव जीतने की संभावना है। एक वीरेंद्र चैधरी और दूसरे पूर्व सांसद स्व हर्षवर्धन की बेटी सुप्रिया। बसपा से कांगे्रस में आए विरेंद्र चैधरी आज के दिन उप्र में कांगे्रस का पिछड़ा वर्ग का बड़ा चेहरा है जबकि सुप्रिया स्व हर्षवर्धन की बेटी हें ओर उनके प्रति लोगों में सहानूभूति है। फिलहाल कल क्या होगा यह भविष्य के गर्भ में है,अभी की स्थित यह है कि सपा बसपा गठबंधन में अपना टिकट पक्का मानकर बसपा के वरिष्ठ नेता गणेश श्ंाकर पांडेय चुनावी मूड में आकर क्षेत्र भ्रमण में जुट गए हैं। उनके साथ महराजगंज की पूरी बसपा इकाई है। बसपा जिलाध्यक्ष नारद राव कहते भी हैं कि हम लोग लोगसभा चुनाव की तैयारी में जुट गए हैं।

By- Yashoda Srivastava

Published on:
16 Apr 2018 11:01 am
Also Read
View All