Mau News: मऊ जिले के मुहम्मदाबाद गोहना में अनुसूचित जनजाति (गोंड) के जाति प्रमाण पत्र जारी करने की मांग को लेकर गोंड समाज का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। सोमवार को आंदोलन के छठे दिन 16 लोगों ने 24 घंटे की भूख हड़ताल शुरू कर दी। यह धरना तहसील गेट के बाहर सड़क […]
Mau News: मऊ जिले के मुहम्मदाबाद गोहना में अनुसूचित जनजाति (गोंड) के जाति प्रमाण पत्र जारी करने की मांग को लेकर गोंड समाज का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। सोमवार को आंदोलन के छठे दिन 16 लोगों ने 24 घंटे की भूख हड़ताल शुरू कर दी। यह धरना तहसील गेट के बाहर सड़क पटरी पर जारी है, जिसमें बड़ी संख्या में समाज के महिला, पुरुष और युवा शामिल हैं।
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो 4 जनवरी से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू की जाएगी। भूख हड़ताल के दौरान छात्र रोहित की तबीयत अचानक बिगड़ गई और वह बेहोश हो गया। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने तत्काल 108 एंबुलेंस की मदद से उसे अस्पताल में भर्ती कराया। इस घटना के बाद आंदोलनकारियों में आक्रोश और बढ़ गया।
धरनास्थल पर शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल के साथ महिला पुलिसकर्मियों की भी तैनाती की गई है। हालांकि, अब तक कोई भी सक्षम अधिकारी प्रदर्शनकारियों से वार्ता करने नहीं पहुंचा है, जिससे गोंड समाज के लोगों में गहरी नाराजगी है।
धरनारत लोगों का कहना है कि कुछ दिन पहले जिलाधिकारी ने गोंड जाति के प्रमाण पत्र जारी करने का आदेश दिया था और तय समय सीमा के भीतर प्रमाण पत्र बनाने की बात कही गई थी। लेकिन समय सीमा समाप्त होने के बावजूद प्रमाण पत्र जारी नहीं किए गए। आदेश की अवधि खत्म होते ही समाज के लोग मजबूरन धरने पर बैठ गए।
गोंड समाज का आरोप है कि प्रशासन की ओर से केवल आश्वासन दिए जा रहे हैं, जबकि जमीनी स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही है। अधिकारियों द्वारा बार-बार एक-दो दिन का समय मांगकर आंदोलन को टालने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे असंतोष और बढ़ गया है।
भूख हड़ताल पर बैठने वालों में मुस्कान गोंड, अनुष्का, आँचल, लक्ष्मी, उजाला, कृपाल, रोहित, आशुतोष, कौशल, नंदिनी, शुभम और प्रतीक सहित अन्य लोग शामिल हैं।