मेरठ

सांसद जी का रिपोर्ट कार्डः संसद में ऑलराउंडर लेकिन एक ‘गलती’ और कटा राजेंद्र अग्रवाल का टिकट

मेरठ सांसद राजेंद्र अग्रवाल ने संसद में सवाल पूछने में डबल सेंचुरी लगाई। हाजिरी 97%, नेशनल एवरेज से 35 अधिक डिबेट में हिस्सा लिया। हर मोर्चे पर आगे हैं, लेकिन 26 अप्रैल 2021 को उन्होंने एक गलती कर दी थी।

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Mar 27, 2024
Lok Sabha Election 2024

तारीख 26 अप्रैल, साल 2021, मेरठ के अस्पतालों में लगातार ऑक्सीजन की कमी की शिकायत सामने आ रही थी। तभी उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दावा किया कि कहीं भी ऑक्सीजन की किल्लत नहीं है। अफवाह फैलाने वालों पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत कार्रवाई हो।

लेकिन एक दिन बाद ही मेरठ सांसद राजेंद्र अग्रवाल ने ही मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर कहा कि मेरठ जिले को 35 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की प्रतिदिन जरूरत है लेकिन यहां फिलहाल 10 मीट्रिक टन ऑक्सीजन ही मिल रही है। वो यही पर नहीं रुके, लेटर की जानकारी उन्होंने सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म एक्स (X) पर सार्वजनिक कर दी।

हो न हो, राजेंद्र अग्रवाल को अपनी पार्टी के खिलाफ मोर्चा खोलना भारी पड़ गया। वरना संसद के रिपोर्ट कार्ड में तो वो कई सांसदों से बहुत आगे दिखते हैं।

राजेन्द्र अग्रवाल की डिबेट में हिस्सेदारी 97
डिबेट में हिस्सा लेने का नेशनल एवरेज 46.1
यूपी के सांसदों का एवरेज 62
सोर्सः पीआरएस

राजेन्द्र अग्रवाल ने कुल सवाल पूछे 232
संसद में सवाल पूछने का नेशनल एवरेज 210
यूपी के सांसदों के सवाल पूछने का एवरेज 151
समय काल: 1 जून 2019 से लेकर 10 फरवरी 2024 तक
सोर्सः पीआरएस

ट्रांसजेंडरों की आर्थिक स्थिरता,एनीमिया मुक्त भारत ,गंगा नदी में प्रदूषण,मत्स्य पालन, पशुपालन और डेयरी क्षेत्र का विकास पर पूछे सवाल...

राजेन्द्र अग्रवाल ने कुल प्राइवेट मेंबर बिल पेश किया 6
प्राइवेट मेंबर बिल पेश करने का नेशनल एवरेज 1.5
यूपी के सांसदों का एवरेज 1.3
समय काल: 01 जून 2019 से लेकर 10 फरवरी 2024 तक
सोर्सः पीआरएस

प्राइवेट मेंबर बिल:एक विशेषाधिकार है। इस अधिकार के तहत सांसद संसद में अपने विवेक से एक प्राइवेट बिल लेकर आते हैं। हालांकि शर्त यह है कि वही सांसद इस बिल को पेश कर सकते हैं जिनके पास कोई मंत्री पद नहीं है।

हेपेटाइटिस (भेदभाव की रोकथाम और नियंत्रण) विधेयक, 2021
जनसंख्या (स्थिरीकरण और नियंत्रण) विधेयक, 2021
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (संशोधन) विधेयक, 2021 (नई धारा 22ए का सम्मिलन)
संविधान (संशोधन) विधेयक, 2019 (नए अनुच्छेद 123ए का सम्मिलन)

कुल प्रस्तावित सैंक्शन बजट: 17 करोड़ रुपए
कुल बजट मिला: 9.5 करोड़ रुपए
कुल खर्च हुआ: 8.32 करोड़ रुपए
बचा हुआ बजटः 1.18 करोड़ रुपए
समय काल: 01 जून 2019 से लेकर 10 फरवरी 2024 तक
सोर्सः एमपी लैड्स

संसद में राजेंद्र अग्रवाल की हाजिरी 97% रही है
सांसदों के हाजिरी का नेशनल एवरेज 79% है
यूपी के सांसदों के हाजिरी का एवरेज 83% है
समय काल: 01 जून 2019 से लेकर 10 फरवरी 2024 तक
सोर्सः पीआरएस इंडिया

(इस खबर में रिसर्च वर्क अभिषेक पांडेय ने किया है। वह पत्रिका डिजिटल के साथ इंटर्नशिप कर रहे हैं।)

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