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पंजाब में ड्रोन से हथियार गिराने का खुलासा होने के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क, रेड अलर्ट पर सेना और बीएसएफ

एनएसए अजीत डोभाल ने सेना और सुरक्षा बलों से सतर्क रहने को कहा घुसपैठ कराने की साजिश में लगा है हमारा दुश्‍मन दुश्‍मन के मंसूबों को नाकाम करने के लिए रहें तैयार

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नई दिल्‍ली। पंजाब में ड्रोन से हथियार गिराने की साजिश का खुलासा होने के बाद पाकिस्‍तान का असली चेहरा एक बार फिर बेपर्दा हो गया है। इस घटना के बाद सेना और सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के जवानों को रेड अलर्ट पर रहने को कहा गया है। साथ ही सुरक्षाबलों को जमीन से लेकर आसमान तक कड़ी चौकसी बरतने को कहा गया है । सुरक्षा बलों को जारी आदेश में कहा गया है कि दुश्मन अपनी साजिश को जम्मू कश्मीर में दोहरा सकता है।

इसलिए सेना और बीएसएफ को जमीन पर तो वायुसेना को आसमान से दुश्मन के मंसूबों को नाकाम बनाने के लिए पूरी तरह तैयार रहने की जरूरत है।

राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल ने सेना और सुरक्षा बलों को निर्देश दिए हैं कि दुश्मन बड़े पैमाने पर घुसपैठ करवाने की साजिश रच रहा है। ऐसे में सीमा की सुरक्षा सुरक्षा को सुनिश्चित करने के लिए कोई कसर न छोड़ी जाए।
हाल ही में थलसेना अध्यक्ष जनरल बिपिन रावत ने भी कहा था कि पाकिस्तान ने बालाकोट में आतंकी प्रशिक्षण शिविर सक्रिय कर दिया है। करीब 500 पाकिस्‍तानी आतंकी घुसपैठ कर घाटी तक पहुंचने के फिराक में हैं।

6 सुरंगों का हुआ पर्दाफाश

पंजाब में ड्रोन से हथियार आतंकी को मुहैया कराने के बाद पाकिस्‍तान जम्मू में घुसपैठ करने के लिए अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सुरंग खोदने की कई वर्षो से कोशिश कर रहा है। नए सिरे से सुरंग बनाने की मुहिम में फिर से जुट गया है। ऐसे में बीएसएफ सुरंग निरोधी मुहिम छेड़कर जम्मू संभाग में आइबी के चप्पे-चप्पे को खंगाल रही है। सभी संवेदनशील इलाकों में बीएसएफ जेसीबी और ट्रैक्टरों की सहायता से फेंसिंग से सटे इलाकों को खोदकर रही है कि कहीं कोई सुरंग तो नहीं है। अब तक आइबी पर ऐसी छह सुरंगों का पर्दाफाश कर चुका है।

दुश्‍मन को मात देने के लिए रहें तैयार

बीएसएफ डीजी वीके जौहरी ने पठानकोट का दौरा कर क्षेत्र और साथ लगते जम्मू कश्मीर के इलाकों के सुरक्षा हालात का जायजा लिया। उन्‍होंने मुलाकात के दौरान सैनिकों का हौसला बढ़ाया। सेना और सुरक्षाबलों ने कठुआ से जम्मू के अखनूर तक आईबी और इसके आगे नियंत्रण रेखा पर जवानों को निर्देश दिए हैं कि उच्चतम स्तर की सर्तकता बरत कर दुश्मन को मात दी जाए।

जानकारी के मुताबिक पाकिस्तान की ओर से गोलाबारी की जा सकती है। ऐसे में कठुआ के मढ़ीन और हीरानगर शिक्षा जोन के 52 स्कूलों को शुक्रवार को जिला शिक्षा अधिकारी ने बंद रखने के आदेश दिए हैं। जिला के मुख्य शिक्षा अधिकारी प्रेमनाथ ने कहा कि एहतियान पाक की ओर से गोलाबारी की आशंका को देखते हुए कदम उठाया है।

Updated on:
27 Sept 2019 09:56 am
Published on:
27 Sept 2019 09:55 am
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