ग्रामीणों ने कलेक्टर से शिकायत कर की पट्टे निरस्त करने की मांग, गुढ़ाचंबल व खांडौली मौजे में पूर्व में भी किए गए थे सैकड़ों बीघा जमीन के फर्जी पट्टे, उनको एसडीएम कर चुके हैं निरस्त
मुरैना. जौरा विकासखंड की ग्राम पंचायत बरहाना मौजे में करीब 100 बीघा चरनोई की भूमि का पटवारी ने बैक डेट में पट्टा कर दिया है। ग्रामीणों ने शिकायत लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां संयुक्त कलेक्टर शुभम शर्मा को ग्रामीणों ने ज्ञापन दिया। ग्रामीणों ने बरहाना मौजे के पटवारी पर गलत तरीके से पट्टे करने का आरोप लगाया है।
शिकायत में कहा है कि ग्राम बरहाना की भूमि सर्वे क्रमांक 798, 793, 794 के तहत वर्ष 2006 में पट्टा करना दर्शाकर अवैध रूप से व्यवस्थापन किया गया है। गुढ़ाचंबल निवासी रामौतार सिकरवार, बनवारी सिकरवार सहित एक दर्जन से अधिक लोगों ने शिकायत की है कि चरनोई की उतनी जमीन नहीं हैं, उससे ज्यादा जमीन का पट्टा कर दिया जिससे पट्टाधारी हमारी जमीन में बंदूकों की दम पर जबरन मुड्ढी गाड़ रहे हैं। शिकायत में कहा है कि अगर गहराई से जांच कराई जाए तो बड़ा फर्जीवाड़ा उजागर हो सकता है।
रमेश सिहं, अशोक सिहं पुत्र तुलाराम, रामसेवक पुत्र कीरत सिहं, कमलेश पुत्र राजाराम, संदीप पुत्र सरमन सिहं, सुदीप पुत्र सरमन सिहं, राजबहादुर पुत्र अमृतलाल, शकुन्तला देवी पत्नी रामसेवक, राजबहादुर पुत्र अमृतलाल, गुडडीदेवी पत्नी रामखिलाड़ी, विश्वनाथ पुत्र ज्ञान सिहं, राघवेन्द्र पुत्र कमल सिहं, नागेन्द्र पुत्र कमल सिहं, जीतेन्द्र पुत्र कमल ंसिहं निवासीगण गुढ़ा चम्बल के नाम पट्टा किया गया है। इनमें से कुछ लोग ऐसे हैं जो गांव में रहते ही नहीं हैं।
गुढ़ाचंबल व खांडोली मौजे में फर्जी तरीके से हुए सैकड़ों बीघा जमीन के पट्टों को जौरा एसडीएम पूर्व में निरस्त कर चुके हैं। यहां भी पट्टे बड़े स्तर पर फर्जीवाड़ा सामने आया था। लेकिन उसके बाद भी फर्जीवाड़ा नहीं रुक रहा है, इससे लगता है कि पटवारी के साथ साथ तहसील के कुछ अधिकारी व कर्मचारी भी शामिल हैं।
बरहाना मौजे में चरनोई की भूमि पर पट्टे का मामला मेरे संज्ञान में आया है। ग्रामीणों की शिकायत की जांच करा रहे हैं, जांच उपरांत कार्रवाई की जाएगी।