नागौर

पैडल से फिटनेस, पर्यावरण और जागरूकता की अलख जगा रहे नागौर के साइकिलिस्ट

विश्व साइकिल दिवस पर विशेष : ‘संडे ऑन साइकिल’ से घर-घर पहुंच रही मुहिम, जिले में बढ़ रहा साइकिलिंग का कारवां, हर रविवार 50 से 100 किमी की राइड पर निकलते हैं युवा व शिक्षक

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Jun 03, 2026
खरनाल मेले के दौरान अब तांगा दौड़ की जगह साइकिल रेस होने लगी है
खरनाल मेले के दौरान अब तांगा दौड़ की जगह साइकिल रेस होने लगी है

नागौर. बदलती जीवनशैली और बढ़ती स्वास्थ्य समस्याओं के बीच नागौर में साइकिलिंग एक नई सामाजिक मुहिम के रूप में उभर रही है। जिले में साइकिल चलाने के शौकीनों की संख्या लगातार बढ़ रही है। हर रविवार सुबह साइकिलिस्टों का एक समूह 50 से 100 किलोमीटर तक की राइड पर निकलता है और फिटनेस, पर्यावरण संरक्षण तथा स्वस्थ जीवनशैली का संदेश देता है। धीरे-धीरे यह कारवां बढ़ता जा रहा है और युवाओं के साथ-साथ शिक्षक, कर्मचारी एवं समाजसेवी भी इससे जुड़ रहे हैं।

नागौर साइक्लिस्ट ग्रुप के सदस्य सुबह चार बजे से अपनी दिनचर्या शुरू करते हैं। प्रतिदिन करीब 30 किलोमीटर तक साइकिल चलाने वाले ये साइकिलिस्ट आसपास के गांवों में पहुंचकर लोगों को नियमित व्यायाम और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करते हैं। समूह में आधुनिक रोड बाइक, माउंटेन बाइक, हाइब्रिड और रेसिंग साइकिलों का उपयोग किया जाता है। सदस्यों के पास 10 हजार से 50 हजार रुपए तक की साइकिलें हैं, जो उनके जुनून और समर्पण को दर्शाती हैं।

नागौर से साइकिल लेकर सिंधलास पहुंचे साइकिलिस्ट

अब तक यहां कर चुके यात्रा

ग्रुप के सदस्य अब तक सालासर, बुटाटी, कुचेरा, मूण्डवा, खरनाल, झोरड़ा, जोधियासी, तरनाऊ, डेह, देशनोक, टांकला, संखवास, मांगलोद, खेतोलाव, बसवाणी सहित कई गांवों और धार्मिक स्थलों तक साइकिल यात्राएं कर चुके हैं। समूह के सदस्य नवीन परिहार और पंकज जांगू ने सात घंटे में 150 किलोमीटर की साइकिल यात्रा पूरी कर विशेष उपलब्धि हासिल की। टीम में जिला खेल अधिकारी सोहनलाल गोदारा, अभिषेक जांगू, तेजाराम जांगू, हेमंत खिलेरी, सुरेश सोनी, अशोक शर्मा, हुक्मीचंद सेन, महावीर लोमरोड़, कपिल जाजड़ा, राजेश रायल, रामप्रसाद कासनियां, रामरघुनाथ भादू, अनिल भाटी, विकास चौधरी, राजेंद्र लोमरोड़ और मोहनप्रकाश गोदारा सहित कई सदस्य सक्रिय हैं।

नागौर से साइकिल लेकर मूण्डवा पहुंचे साइकिलिस्ट

डोगीवाल स्कूल भी साइकिल से जाते-आते

इस मुहिम के प्रमुख चेहरों में संत बलराम विद्यालय के प्रधानाध्यापक एवं राजस्थान सरकार के पर्यावरण ब्रांड एंबेसडर धर्मपाल डोगीवाल भी शामिल हैं। वे प्रतिदिन साइकिल से ही विद्यालय आते-जाते हैं और पिछले कुछ वर्षों में करीब 5000 किलोमीटर की साइकिल यात्रा कर चुके हैं। उन्होंने ‘संडे ऑन साइकिल’ अभियान के माध्यम से लोगों को जोडऩे के लिए वाट्सएप ग्रुप बनाया, जिसके जरिए हर रविवार सामूहिक राइड आयोजित की जाती है। डोगीवाल का मानना है कि साइकिल केवल यातायात का साधन नहीं, बल्कि स्वस्थ समाज और स्वच्छ पर्यावरण की कुंजी है। उनके नेतृत्व में विद्यालय में पौधरोपण और रेन वाटर हार्वेस्टिंग जैसे मॉडल भी विकसित किए गए हैं। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने 19 जुलाई 2024 को उन्हें राजस्थान का ‘पर्यावरण ब्रांड एंबेसडर’ घोषित किया था।

आठ साल पहले हुई थी दिवस की घोषणा

संयुक्त राष्ट्र ने वर्ष 2018 में साइकिल को सस्ता, पर्यावरण हितैषी और स्वास्थ्यवर्धक परिवहन साधन मानते हुए 3 जून को विश्व साइकिल दिवस घोषित किया था। नागौर के साइकिलिस्ट इस दिवस की भावना को धरातल पर उतारते हुए यह संदेश दे रहे हैं कि साइकिल केवल फिटनेस का माध्यम नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और बेहतर भविष्य की दिशा में एक प्रभावी कदम है।

Published on:
03 Jun 2026 10:15 am