Akhilesh Yadav attacked on congress: राहुल गांधी के जातिगत जनगणना कराने के वादे पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने इसे झूठ का पुलिंदा बताया है।
लोकसभा चुनाव 2024 में भारतीय जनता पार्टी को हराने के लिए बनाए गए इंडिया गठबंधन में सबकुछ ठीक नहीं चल रहा है। गठबंधन में शामिल कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के बीच में रार खुलकर सामने आने लगी है। कांग्रेस के सबसे बड़े नेता राहुल गांधी ने पांच राज्यों में हो रहे विधानसभा चुनाव के दौरान अपने चुनाव प्रचाार में ये वादा किया है कि अगर कांग्रेस राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव जीतती है तो वह इन राज्यों में जातिगत जनगणना कराएगी।
वहीं, उनके वादें पर उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने इसे झूठ का पुलिंदा बताने के साथ ही उन्हें कांग्रेस का इतिहास दिलाया है। बता दें कि राहुल गांधी ने जातिगत जनगणना को समाज का एक्स-रे बताया था।
एक्स-रे का टाइम गया अब एमआरआई का समय है
समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने मंगलवार को सतना की रैली में राहुल गांधी के जातिगत जनगणना वाले बयान पर निशाना साधा और कहा, “जब एक्स-रे का टाइम था तब तो केंद्र में बैठी यूपीए सरकार ने नहीं किया। आज सीटी स्कैन और एमआरआई का समय है। यह कांग्रेस पार्टी ही जिसने आजादी से लेकर अब तक जाति जनगणना कराने के खिलाफ रही हैं। यदि पहले ही एक्स-रे हो गया होता तो इतनी बड़ी खाई नहीं होती।
मुलायम सिंह यादव, लालू यादव, शरद यादव जैसे नेता संसद में जाति जनगणना की मांग करते रहे लेकिन, कांग्रेस ने गणना नहीं कराई। दरअसल, देश में पांच फीसदी लोगों पर देश की 60 फीसदी दौलत चली गई। यह कैसे हुआ और किसने किया। किसी को नहीं पता, मुझे पूरा भरोसा है कि जब समाजवादियों को मौका मिलेगा तो सबसे पहले जाति जनगणना कराई जाएगी।"
जाति जनगणना समाज का एक्स-रे: राहुल गांधी
बता दें कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने जाति जनगणना को समाज का एक्स-रे करार दिया है। कांग्रेस नेता देशभर में जाति जनगणना कराने की वकालत करते हुए मोदी सरकार को घेर रहे हैं। हालांकि, जाति जनगणना को लेकर कांग्रेस पर सबसे ज्यादा हमला भाजपा नहीं, बल्कि समाजवादी पार्टी के नेता और इंडिया गठबंधन में शामिल अखिलेश यादव ही कर रहे हैं।
अखिलेश के बयान पर भाजपा ने ली चुटकी
इंडिया गठबंधन के नेताओं के बीच हो रही इस बयानबाजी पर अब भाजपा चुटकी ले रही है। बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता शहजाद पूनावाला ने इंडिया गठबंधन पर निशाना साधते हुए कहा, “दोनों पार्टियां एक-दूसरे की ही पोल खोल रहे हैं। इस गठबंधन का कोई वैचारिक मिशन या विजन नहीं है। अखिलेश यादव जी ने जो कहा है वो तथ्यात्मक तौर पर सही है। अगर राहुल गांधी जाति जनगणना को समाज का एक्स-रे बता रहे हैं तो फिर जवाहरलाल नेहरू, इंदिरा गांधी और राजीव गांधी ने इसे क्यों रोका था? इसका जवाब राहुल गांधी को अखिलेश यादव को देना चाहिए।"