
राष्ट्रगीत 'वंदे मातरम्' (Vande Mataram) के मामले में राजनीतिक टकराव बढ़ रहा है। कांग्रेस (Congress) के वंदे मातरम् के दो चंदही गाने की घोषणा के बाद अब बीजेपी (BJP) ने तय किया है कि वो राष्ट्रगीत के सम्मान और रक्षा पर पूरे देश में अभियान चलाएगी। अभियान के दौरान गीत के इतिहास, अर्थ, राष्ट्रीय महत्व और गौरवशाली विरासत से युवा पीढ़ी व आम जनता को जागरुक किया जाएगा। बीजेपी अपने इस देशव्यापी अभियान में कांग्रेस की पोल खोलेगी कि किन परििस्थतियों में आज़ादी से पहले वंदे मातरम् गीत को दो छंद तक सीमित किया गया।
बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन की अध्यक्षता में पार्टी के नए पदाधिकारियों की शनिवार को हुई पहली बैठक में बाकायदा राष्ट्रगीत के सम्मान और उसकी ऐतिहासिक विरासत की रक्षा को लेकर प्रस्ताव पारित किया गया और राष्ट्रव्यापी अभियान चलाने का निर्णय किया गया। बैठक में कांग्रेस के 19 अगस्त 2026 के उस फैसले की कड़ी निंदा की गई, जिसमें वंदे मातरम् के सिर्फ पहले दो छंद गाने की व्यवस्था को दोबारा स्वीकार किया गया है। प्रस्ताव में बीजेपी ने कहा कि राजनीतिक सुविधा, तुष्टिकरण और वोट बैंक की राजनीति के लिए राष्ट्रीय गीत के सम्मान से कोई समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
पदाधिकारियों की बैठक के बाद बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा ने कहा कि वंदे मातरम् के मूल में देश और देशभक्ति की भावना है। कांग्रेस 1937 के अपने फैसले को दोबारा आगे बढ़ाकर वंदे मातरम् को विभाजित करने की कोशिश कर रही है। उस समय वंदे मातरम् के गायन को सीमित करने की कांग्रेस की तुष्टीकरण की राजनीति की शुरुआत ने देश के विभाजन का रास्ता तैयार किया। कांग्रेस आज भी उसी राह पर चल रही है।
बीजेपी मुख्यालय में नए पदाधिकारियों के साथ ही पुराने पदाधिकारियों की संयुक्त बैठक हुई। इस परिचय बैठक को संबोधित करते हुए अध्यक्ष नवीन ने सभी नए पदाधिकारियों से राष्ट्रीय विचारों को आगे बढ़ाने, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) के नेतृत्व में हो रहे देश के विकास और कल्याणकारी कार्यों को जनता तक पहुंचाने, सोशल मीडिया आउटरीच बढ़ाने और युवा पीढ़ी को साथ लेकर चलने की दिशा में कार्य करने के लिए कहा।