पवन कुमार बंसल गांधी परिवार के सबसे विश्वासपात्र नेताओं में से एक माना जाते हैं। ऐसे में अफवाह यही कि वो भी अध्यक्ष पद के लिए फॉर्म भर सकते हैं पर क्या पवन बंसल सच में कांग्रेस अध्यक्ष पद की रेस में शामिल हो गए हैं?
कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए नामांकन फॉर्म भरे जाने लगे हैं। कौन इसमें हिस्सा लेगा और कौन नहीं और किस नाम पर अखीरी मुहर लगेगी इसपर चर्चाएं भी तेज हैं। इस बीच वरिष्ठ नेता पवन बंसल को लेकर ये अफवाह फैली कि वो भी इस रेस का हिस्सा बनने जा रहे हैं। उन्होंने नामांकन फॉर्म लिया है। जब इस मुद्दे पर बंसल से सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि मुझे पार्टी हाई कमान से ऐसा कोई आदेश नहीं मिला है और न ही मेरे दिमाग में ऐसा कोई ख्याल आया है।
मीडिया से जब उनसे सवाल किया कि क्या ये सच है कि आप भी कांग्रेस अध्यक्ष पद की रेस में हिस्सा ले रहे हैं? इसपर पवन बंसल ने कहा, "ये अफवाहें बिना किसी आधार पर फैलाई जा रही हैं। पाँच साल पहले चंडीगढ़ के सदस्यों का फोर्म रद्द हो गया था इसलिए मैंने दो फॉर्म लिए। मैंने एक डेलीगेट होने के नाते दो फॉर्म लिया और चंडीगढ़ के कांग्रेस प्रेसीडेंट को सौंप दिया। मैं स्पष्ट कर देना चाहता हूँ कि मैं इसका हिस्सा नहीं बन रहा। कांग्रेस अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ने का ये आइडिया मेरे दिमाग में आया तक नहीं।"
दरअसल, कांग्रेस के केन्द्रीय चुनाव प्राधिकरण के चेयरमैन मधूसूँ मिस्त्री ने कहा था कि शशि थरूर और पवन बंसल ने ही अब तक नामांकन फॉर्म लिया है। इसके बाद से ये अफवाह फैलने लगी कि पवन बंसल भी इस रेस का हिस्सा बनने जा रहे हैं। हालांकि, उन्होंने इसका खंडन कर अफवाहों पर विराम लगा दिया है।
बता दें कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पवन कुमार बंसल 2009 से 2014 तक 15वीं लोकसभा में सांसद थे। वो गांधी परिवार के भरोसेमंद नेताओं में से एक माने जाते हैं। वर्ष 2020 में उन्हें पार्टी का अंतरिम कोषाध्यक्ष भी बनाया गया था।