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‘उसकी फ़ितरत है मुकर जाने की’, पाकिस्तान की दगाबाज़ी पर शशि थरूर का तंज

India Pakistan Ceasefire: 1971 एक महान उपलब्धि थी, इंदिरा गांधी ने उपमहाद्वीप का नक्शा फिर से लिखा, लेकिन परिस्थितियां अलग थीं: शशि थरूर

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May 11, 2025

India Pak War: कांग्रेस सांसद शशि थरूर (Shashi Tharoor) ने भारत-पाकिस्तान (India-Pak) के बीच हाल ही में हुए सीजफायर का समर्थन करते हुए कहा कि 1971 के युद्ध और 2025 की स्थिर स्थिति में बड़ा अंतर है। थरूर ने कहा कि भारत का उद्देश्य शैतान को सबक सिखाना था, न कि लंबे समय तक युद्ध जारी रखना। यह बयान 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद आया सीजफायर्स के सन्दर्भ में है, जो शुरुआती आतंकवादी हमलों का जवाब था।

पाकिस्तान ने तोड़ा सीजफायर

पाकिस्तान ने सीजफायर का उल्लंघन किया, जिसका भारत ने कड़ी निंदा की। थरूर ने इस पर तंज कसते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "उसकी फ़ितरत है मुकर जाने की, उसके वादे पे यकीन कैसे करूँ?"

इंदिरा गांधी ने उपमहाद्वीप का नक्शा फिर से लिखा

"1971 एक महान उपलब्धि थी, इंदिरा गांधी ने उपमहाद्वीप का नक्शा फिर से लिखा, लेकिन परिस्थितियां अलग थीं। बांग्लादेश एक नैतिक कारण से लड़ रहा था, और बांग्लादेश को आजाद कराना एक स्पष्ट उद्देश्य था। पाकिस्तान पर सिर्फ गोले दागते रहना एक स्पष्ट उद्देश्य नहीं है।" कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने सोशल मीडिया पर इंदिरा गांधी के प्रधानमंत्री पद के कार्य की तुलना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रुख से करने के बारे में पूछे जाने पर कहा।

पाकिस्तान ने तोडा सीजफायर

भारत के साथ हुए सीजफायर समझौते को पाकिस्तान ने कुछ ही घंटों बाद ही तोड़ दिया था। भारतीय विदेश सचिव विक्रम मिश्री ने बताया कि पाकिस्तान ने जम्मू-कश्मीर, पंजाब और राजस्थान में कई जगहों पर, जैसे श्रीनगर, उधमपुर, राजौरी, अखनूर, और आरएस पुरा, में लाइन ऑफ कंट्रोल (LoC) और अंतरराष्ट्रीय सीमा पर गोलीबारी और ड्रोन गतिविधियों के जरिए उल्लंघन किया।

Updated on:
11 May 2025 09:35 am
Published on:
11 May 2025 09:34 am
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