NIA Day: 13वें राष्ट्रीय जांच एजेंसी दिवस (NIA day ) पर गृहमंत्री अमित शाह ने NIA की प्रशंसा करते हुए कहा कि NIA की जांच इस प्रकार के अपराधों में होती है जहां साक्ष्य मिलना मुश्किल होता है लेकिन इसके बावजूद NIA ने उपलब्धि प्राप्त की है जो प्रेरणा स्रोत है। मोदी सरकार ने आतंकवाद पर जीरो टोलरेंस की नीति अपनाई है।
NIA Day: गृहमंत्री अमित शाह ने राष्ट्रीय जांच एजेंसी दिवस (NIA day ) कार्यक्रम में कहा कि आतंकवाद सबसे बड़ा मानवाधिकार उल्लंघन है और लोगों के अधिकारों की रक्षा के लिए इस जड़ से खत्म करना बहुत जरूरी है। इसके साथ ही उन्होंने जम्मू-कश्मीर क्षेत्र में आतंकवाद को जड़ से खत्म करने के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। गृहमंत्री अमित शाह ने बताया कि जम्मू-कश्मीर में आतंकी फंडिंग के खिलाफ मामले दर्ज करने से वहां आतंकवाद को रोकने में काफी मदद की है।
गृहमंत्री ने आगे कहा कि मेरा मानना है कि आतंकवाद से ज्यादा मानवाधिकारों का उल्लंघन नहीं हो सकता। आतंकवाद मानवाधिकारों के उल्लंघन का सबसे बड़ा रूप है। मानवाधिकारों की रक्षा करने के लिए आतंकवाद को खत्म करना बहुत जरूरी है।
आतंकवाद विरोधी अभियान में मानवाधिकार समूह उठाते हैं मुद्दा
अमित शाह ने कहा जब भी आतंकवाद विरोधी अभियान होते हैं, कुछ मानवाधिकार समूह मानवाधिकारों का मुद्दा उठाते हैं लेकिन मैं हमेशा मानता हूं कि आतंकवाद मानव अधिकारों के उल्लंघन का सबसे बड़ा कारण है। मानवाधिकारों की रक्षा के लिए आतंकवाद को जड़ से खत्म करना जरूरी।
इसके साथ ही अमित शाह ने आगे बताया कि गठन के बाद से एनआईए (NIA) ने 400 मामले दर्ज किए, जिसमें 93.25% की सजा दर के साथ 349 मामलों में चार्जशीट दायर की गई। हमने एनआईए और यूएपीए अधिनियमों को मजबूत किया है, जिससे एजेंसी को विदेशों में आतंक के मामलों की जांच करने का अधिकार दिया है।