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टैफे और एजीसीओ के मध्य ब्रांड अधिकारों और शेयरधारिता को लेकर समझौता

ये समझौते, टैफे में एजीसीओ द्वारा धारित शेयरों के वापस-खरीद के संबंध में एजीसीओ एवं टैफे द्वारा भारत के कुछ सरकारी और अन्य प्रक्रियाओं को पूरा किए जाने के उपरांत प्रभावी हो जाएंगे।

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Jul 07, 2025

चेन्नई. ट्रैक्टर एवं कृषि उपकरण निर्माता कंपनी टैफे ने घोषणा की है कि टैफे, एजीसीओ के साथ, ब्रांड, वाणिज्यिक मुद्दों और शेयरधारिता से संबंधित सभी मामलों पर एक विस्तृत समझौता और समाधान पर पहुंचा है। समझौते में निम्नलिखित प्रमुख विशेषताएं शामिल हैं। भारत, नेपाल तथा भूटान में मैसी फ़र्ग्यूसन ब्रांड पर टैफे का एकमात्र और अनन्य स्वामित्व रहेगा, साथ हीं मैसी फ़र्ग्यूसन और संबंधित ट्रेडमार्क एवं उससे जुड़ी सभी गुडविल के समस्त अधिकारों, शीर्षक और हितों पर भी टैफे का स्वामित्व होगा। टैफे, 260 मिलियन डॉलर का मूल्य चुकाकर टैफे में एजीसीओ के शेयरों को वापस खरीदेगा, जो टैफे की इक्विटी के 20.7% के बराबर है। टैफे एजीसीओ में 16.3% के स्वामित्व के साथ अपनी हिस्सेदारी बरकरार रखेगा, और इसका विस्तार नहीं करेगा, साथ हीं कुछ अपवादों के अधीन अपने आनुपातिक स्वामित्व को बनाए रखने के लिए एजीसीओ के भविष्यगत वापस-खरीद कार्यक्रमों में भाग लेगा। टैफे शेयरधारकों की बैठकों में एजीसीओ के निदेशक मंडल की सभी संस्तुतियों के पक्ष में अपने शेयरों से मतदान करके एजीसीओ का समर्थन करेगा, जिसमें टैफे को निश्चित छूट भी होगी। टैफे, एजीसीओ के अग्रणियों के साथ योजनाबद्ध तरीके से आवधिक वार्ताओं के माध्यम से एजीसीओ में दीर्घकालिक निवेशक बना रहेगा।

ये समझौते, टैफे में एजीसीओ द्वारा धारित शेयरों के वापस-खरीद के संबंध में एजीसीओ एवं टैफे द्वारा भारत के कुछ सरकारी और अन्य प्रक्रियाओं को पूरा किए जाने के उपरांत प्रभावी हो जाएंगे। टैफे की चेयरमैन एवं मैनेजिंग डायरेक्टर मल्लिका श्रीनिवासन ने कहा, टैफे की विकास गाथा के एक नए युग में प्रवेश करने के साथ हम एजीसीओ सहित अपनी दीर्घकालिक साझेदारी का सम्मान करते हुए इसे संजो कर रखेंगे, तथा एक प्रतिबद्ध शेयरधारक के रूप में एजीसीओ का समर्थन करना जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि, 65 वर्षों से भी अधिक समय से भारतीय ग्राहकों के लिए टैफे और मैसी फ़र्ग्यूसन एक दूसरे का पर्याय बने रहे हैं। हम अपने अभिनव उत्पादों, समाधानों और भारत में कृषक समुदाय को सेवा प्रदान करने के माध्यम से भारतीय कृषि को रूपांतरित करने की दिशा में अपनी प्रतिबद्धता को पुनः दोहराते हैं। अपने ‘कल्टीवेटिंग द वर्ल्ड’ के विजन की ओर अग्रसर होते हुए, हम आश्वस्त हैं कि हम अपने सभी हितधारकों को असाधारण मूल्य प्रदान करने में सक्षम होंगे।

Published on:
07 Jul 2025 10:58 pm
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