तकनीकी तरक्की के बीच मानसिक स्वास्थ्य का बढ़ता संकट
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Gulab Kothari Article : अनुशासन में रहकर मनुष्य जीवन के प्रत्येक क्षण को उपयोगी बना सकता है। भवन की अडिगता उसकी नींव पर निर्भर करती है। अनुशासन ही वह सेतु है जो लक्ष्य और सफलता को जोड़ता है। अनुशासन से व्यक्ति का चरित्र मजबूत बनता है, परिवार में सद्भाव बना रहता है, समाज में शांति स्थापित होती है और राष्ट्र के विकास में सहायता मिलती है। अत: जीवन के सर्वांगीण विकास हेतु व्यवहार में अनुशासित होना प्रथम आवश्यकता है।