पार्टी के एक अधिकारी ने 2 मिनट प्रेस कॉन्फ्रेंस चलने पर सफाई देते हुई कहा कि राहुल को नागपुर, नांदेड़ और अन्य जगहों पर अपनी यात्रा के लिए देरी हो रही थी।
नई दिल्ली। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की यहां पहली बार आयोजित प्रेस वार्ता बुधवार को केवल पौने तीन मिनट तक ही चली। यह प्रेस वार्ता कांग्रेस की राज्य और शहर इकाई ने सुबह 8:30 बजे शहर के बांद्रा में आयोजित की थी। प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और ऑनलाइन मीडिया के लगभग 100 से ज्यादा मीडियाकर्मी इस प्रेस वार्ता में भाग लेने आए थे।राहुल तय समय से लगभग एक घंटा देरी से पहुंचे।
भाजपा पर निशाना
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने फिर से पीएम नरेंद्र मोदी पर हमला बोला । राहुल ने कहा कि पीएम मोदी, बीजेपी और आरएसएस के खिलाफ देशभर की पार्टियां एकजुट हो रही हैं। आज देश को एक ऐसे ही महागठबंधन की जरूरत है, क्योंकि मोदी सरकार सिर्फ अमीरों के लिए काम करती है। ये सरकार गरीबों के पैसा अमीरों को देती है।
तीसरे मोर्चे के सवाल को टाल गए राहुल
कांग्रेस अध्यक्ष से 2019 लोकसभा चुनाव से पहले विपक्षी गठबंधन का नेतृत्व संभालने के उनकी इच्छा के संबंध में प्रश्न पूछा गया। इस सवाल को परे रखकर, राहुल ने भारतीय जनता पार्टी, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की अपनी आलोचना को दोहराया। इसके बारे में भी उन्होंने बमुश्किल 2 मिनट तक बोला। इसके बाद उन्होंने सभी को धन्यवाद दिया और अचानक उठ गए, जिसके बाद प्रेस वार्ता समाप्त हो गई।
कांग्रेस में कलह, निरुपम की माफी
पार्टी के एक अधिकारी ने 2 मिनट प्रेस कॉन्फ्रेंस चलने पर सफाई देते हुई कहा कि, "राहुल को नागपुर, नांदेड़ और अन्य जगहों पर अपनी यात्रा के लिए देरी हो रही थी।" उधर कांग्रेस नेता संजय निरुपम ने इसके लिए माफी मांगते हुए पीआर टीम को जिम्मेदार ठहराया। निरुपम ने एजेंसी से बातचीत में कहा, "हमने स्पष्ट तौर पर कहा था कि वह इलेक्ट्रोनिक मीडिया से थोड़ी देर ही बात करेंगे। प्रिंट मीडिया को भी खासतौर पर बताया गया था कि वे उनसे सवाल नहीं पूछ सकते। कार्यक्रम वैसे ही हुआ जैसे प्रस्तावित था।"