UP Teacher Recruitment: उत्तर प्रदेश में आए दिन शिक्षक भर्ती की तैयारी करने वाले छात्र हंगामा करते रहते हैं। 2018 का बाद शिक्षक भर्ती नहीं हुई है इसलिए अभ्यर्थियों की प्रशासन से नाराजगी बढ़ती जा रही है।
UP Teacher Recruitment: उत्तर प्रदेश में बेसिक शिक्षा परिषद की तरफ से संचालित सरकारी स्कूलों में अध्यापकों के ढेरों पद खाली हैं। शिक्षक भर्ती के योग्य अभ्यर्थियों की मांग पूरी ना होने के कारण वे बेहद आक्रोशित हैं।
बेसिक शिक्षा परिषद ने साल 2018 के बाद से कोई भी विज्ञापन नहीं जारी किया है जिस कारण से अभ्यर्थियों दर-दर भटकने को मजबूर हैं। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो पिछले छह सालों से भर्तियां ना होने के कारण प्रदेश के परिषदीय स्कूलों में टीचर्स के लगभग सवा लाख पद खाली हैं जबकि तकरीबन दस लाख अभ्यर्थी दर-दर भटक रहे हैं।
बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूलों में अनिवार्य डीएलएड की धारकों की संख्या तकरीबन दस लाख है। प्रयागराज में उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग के आफिस पर प्रदर्शन के लिए पूरे प्रदेश से आए अभ्यर्थियों का कहना है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरकारी विभागों के खाली पदों को भरे जाने का ऐलान किया था। लेकिन 2018 के बाद से अभी तक कोई भी विज्ञापन ही जारी नहीं किया है। प्रयागराज में शिक्षा सेवा चयन आयोग के दफ्तर पर प्रदर्शन के दौरान यूपी के तमाम जिलों के डीएलएड अभ्यर्थी मौजूद थे। अभ्यर्थियों ने जमकर नारेबाजी की और अपना आक्रोश जताया।