रायपुर

हाईकोर्ट की फटकार के बाद तीन फिजियोथैरेपिस्ट की सेवाएं बहाल, एक साल बाद मिला न्याय…

CG Hospital News: रायपुर में डीकेएस हॉस्पिटल में विगत छह वर्षों से संविदा पर कार्यरत जिन तीन फिजियोथैरेपिस्ट को अचानक नौकरी से निकाल दिया गया था।
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Jul 14, 2025
हाईकोर्ट ने खारिज की BSP की याचिका (Photo source- Patrika)
हाईकोर्ट ने खारिज की BSP की याचिका (Photo source- Patrika)

CG Hospital News: छत्तीसगढ़ के रायपुर में डीकेएस हॉस्पिटल में विगत छह वर्षों से संविदा पर कार्यरत जिन तीन फिजियोथैरेपिस्ट को अचानक नौकरी से निकाल दिया गया था, उन्हें न्याय पाने के लिए एक साल तक कानूनी लड़ाई लड़नी पड़ी। आखिरकार हाईकोर्ट के सत आदेश पर हॉस्पिटल प्रबंधन को तीनों प्रभावितों की सेवाएं बहाल करने के लिए मजबूर होना पड़ा।

CG Hospital News: एक साल तक चली न्याय पाने की कानूनी लड़ाई

डीकेएस में संविदा पर फिजियोथैरेपिस्ट डॉ. अन्वेषा सरकार, डॉ. शुभ्रा दुबे तथा डॉ. माधुरी पैकरा कार्यरत थीं, जिन्हें संविदा नियमों के विरुद्ध जाकर उनकी सेवाएं अस्पताल प्रबंधन द्वारा समाप्त कर दी गई थीं। इस मामले को लेकर तीनों हाईकोर्ट में याचिका दायर कर न्याय की गुहार लगाई थी। दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद कोर्ट ने प्रभावितों को नौकरी पर रखने का आदेश दिया, लेकिन उन्हें वापस नहीं लिया गया था।

इसके बाद उच्च न्यायालय ने आदेश का पालन नहीं करने पर डीकेएस के डॉ. शिप्रा शर्मा, हेमन्त शर्मा और डॉ. व्ही दयाल को अवमानना मामले में फटकार लगाई और आदेश का पालन करने का आदेश दिया। तब जाकर अस्पताल अधीक्षक एवं एकेडेमिक इंचार्ज डीकेएस द्वारा विगत 30 जून को आदेश जारी कर तीनों फिजियोथैरेपिस्ट को 2 जुलाई से अनिवार्य रूप से पुन: डीकेएस में सेवाएं देने के लिए पत्र प्रेषित किया गया। इसमें उल्लेख किया है कि तीनों की सेवाएं पूर्व में लागू शर्तों एवं नियमों के अधीन होगी।

Updated on:
14 Jul 2025 12:21 pm
Published on:
14 Jul 2025 12:21 pm