Bharatmala Road: भारतमाला रोड बनने के बाद ये सभी भारी वाहन रिंग रोड पर नहीं चलेंगे। सभी भारतमाला में शिट हो जाएंगे। इससे रिंग रोड में भारी वाहनों के अलावा रायपुर नहीं आने-जाने वाले वाहन भी उसी में चलेंगे।
Bharatmala Road: शहर के रिंग रोड नंबर-1 में वाहनों का दबाव लगातार बढ़ रहा है। इससे सड़क हादसे का खतरा भी बढ़ गया है। साल भर में करीब 30 सड़क हादसे होते हैं और लगभग उतनी ही मौतें हो जाती है। सड़क हादसों का खतरा भारतमाला सड़क परियोजना पूरा होने से कम हो जाएगा। अभी मुंबई-कोलकाता रूट के सभी भारी वाहन रिंग रेड-1 से होकर ही गुजर रहे हैं, जिससे सड़क हादसे ज्यादा हो रहे हैं।
भारतमाला रोड बनने के बाद ये सभी भारी वाहन रिंग रोड पर नहीं चलेंगे। सभी भारतमाला में शिट हो जाएंगे। इससे रिंग रोड में भारी वाहनों के अलावा रायपुर नहीं आने-जाने वाले वाहन भी उसी में चलेंगे। इससे सड़क हादसों का खतरा कम हो जाएगा।
नो एंट्री करेंगे घोषित
भारतमाला रोड बन जाने के बाद रिंग रोड में भारी वाहनों को प्रतिबंधित कर दिया जाएगा। राजू ढाबा से लेकर टाटीबंध चौक तक रिंग रोड-1 में भारी वाहनों के परिचालन पर रोक लगाई जाएगी। केवल स्थानीय वाहनों का आना-जाना होगा।
दोपहिया वाहनों को ज्यादा खतरा
वर्तमान में रिंग रोड नंबर-1 से रोज 1 लाख से अधिक वाहन गुजरते हैं। इनमें दोपहिया से लेकर स्थानीय वाहन और दूसरे राज्यों के भारी वाहन भी शामिल हैं। भारी वाहनों की वजह से दोपहिया वाहनों को खतरा रहता है। इसलिए सर्विस रोड बनाया गया है, लेकिन सर्विस रोड पर भी अवैध पार्किंग के चलते समस्या बढ़ गई है।
रिंग रोड नंबर-1 के दोनों साइड आबादी बड़ी तेजी से बढ़ी है। इस कारण लोकल वाहनों की संया भी अधिक हो गई है। रोज सैकड़ों वाहन दोनों ओर से सड़क से गुजरते हैं। कई बार जाम के हालात भी बनते हैं। भाठागांव चौक, संतोषी नगर चौक, राजेंद्र नगर, तेलीबांधा चौक में वाहनों का भारी दबाव होता है। इन स्थानों पर बार-बार जाम की स्थिति बन जाती है। इसके अलावा हर साल सड़क पार करते हुए कई लोग मारे जाते हैं।
भारतमाला सड़क बनने से ट्रैफिक में काफी राहत मिलेगी। लंबी दूरी के भारी वाहन उसमें चलने लगेंगे। इससे रिंग रोड में वाहनों का दबाव कम होगा।
-सतीश सिंह ठाकुर, डीएसपी, ट्रैफिक रायपुर