Marhi Mata Temple: गीता के कर्म और भक्ति सिद्धांत से प्रेरित यह पहल इलाज के लिए आने वाले गरीब मरीजों और उनके परिजनों के लिए बड़ी राहत बन रही है।
Marhi Mata Temple: मेकाहारा क्षेत्र मेें मरही माता मंदिर के पास रोजाना लगने वाला भंडारा अब सिर्फ भोजन वितरण नहीं, बल्कि मानव सेवा की मिसाल बन गया है। यहां राहगीरों, जरूरतमंदों और दूर गांवों से इलाज के लिए आने वाले लोगों को प्रतिदिन दो वक्त का खाना दिया जा रहा है। यह सेवा खासतौर पर उन ग्रामीण मरीजों और उनके परिजनों के लिए संबल बनी है, जो सरकारी अस्पताल और आसपास के मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल में इलाज के लिए आते हैं।
सेवा संचालक गणेश भट्टर ने बताया, कोरोना काल के दौरान जरूरतमंदों की स्थिति देखकर इस पहल की शुरुआत की गई थी। तब से यह लगातार जारी है। सुबह 10.30 से 12 बजे तक और शाम 6 बजे से 8 बजे तक भोजन वितरण किया जाता है। रोज करीब 1500 लोगों को खाना मिलता है, जिससे उन्हें बाहर महंगे दामों पर भोजन लेने की मजबूरी नहीं रहती।
सेवा संचालक का कहना है कि गीता में बताए गए कर्म और भक्ति के सिद्धांत से प्रेरित होकर यह कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस सेवा के लिए किसी से आर्थिक मदद नहीं ली जाती, पूरा खर्च उनकी कंपनी खुद उठाती है। हर महीने करीब तीन लाख रुपये खर्च कर यह सेवा चलाई जा रही है।
Video By @TabirHussain