छत्तीसगढ़: आयकर विभाग को मिले 1 अरब रूपए के बोगस दस्तावेज, सवा दो करोड़ की ज्वेलरी
रायपुर. आयकर विभाग ने कोयला, पॉवर प्लांट और रियल एस्टेट कारोबारियों के ठिकानों से 2 करोड़ से अधिक की ज्वेलरी और 11 लाख 80 हजार रुपए जब्त कर लिया है। जांच के दौरान दूसरे दिन गुरूवार को 100 करोड़ रुपए से अधिक के बोगस दस्तावेज मिले है। इसके संबंध में कारोबारियों से पूछताछ की जा रही है। उनका लिखित बयान लिया जा रहा है।
साथ ही उनके निवेश पेपरों और स्टॉक को जांच के दायरे में लिया गया है। आयकर विभाग के अफसरों ने बताया कि कोलकाता में 3 मुबंई में 1 और बिलासपुर में 7 और रायपुर स्थित 3 ठिकानों पर जांच पूरी कर ली गई है। कारोबारियों के 35 ठिकानों पर अब भी जांच चल रही है। इसके दो दिन चल और चलने की संभावना है। ज्ञात हो कि आयकर विभाग ने छत्तीसगढ़ के तीन कारोबारी ग्रुप के महाराष्ट्र, दिल्ली, पंश्चिम बंगाल और ओडिसा स्थित 50 ठिकानों पर 6 जून को छापामारा था।
गुमराह किया, वेबसाइड में फर्जी जानकारी
कारोबारियों ने लोगों को झांसा देने के लिए बेवसाइट पर झारसुगुड़ा में फर्जी कंपनी और उसका दफ्तर खोल रखा था। आयकर अन्वेषण विभाग की टीम इसकी तलाश करने दिनभर पूरे इलाके में इसकी तलाश करती रही। लेकिन, कोई सुराग तक नहीं मिला। सख्ती से पूछताछ करने पर पता चला कि उनकी कोई भी फैक्ट्री और दफ्तर वहां नहीं है।
कारोबारियों का सुराग मिला
आयकर विभाग की चेतावनी के बाद एक कारोबारी ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। वहीं एक अन्य ने मॉरिशस से फोनकर तुरंत लौटने का आश्वासन दिया है। गौरतलब है कि छापेमारी की सूचना मिलते ही ग्रुप से जुड़े दो संचालक गायब हो गए थे। उनकी तलाश करने आयकर विभाग ने परिवार वालों और संचालन समिती से जुड़े लोगों पर दबाव बनाया। सहयोग नहीं करने पर कड़ी कार्रवाई करने की चेतावनी दी गई थी।