संघ की सदस्य चंचला यादव और प्रताप सिंह गौड़ भूख हड़ताल पर भी बैठे।
रायपुर . छत्तीसगढ़ के एंटी करप्शन ब्यूरो ने पिछले साल फरवरी में समाज कल्याण विभाग में पदस्थ अपर संचालक एम.एल. पाण्डेय के खिलाफ अकूत संपत्ति अर्जित करने के मामले में छापामार कार्रवाई की थी। इस कार्रवाई के एक साल बीत जाने के बाद भी ब्यूरो चालान पेश नहीं कर पाया, अलबत्ता पाण्डेय योग आयोग के सचिव बना दिए गए। इधर छत्तीसगढ़ विकलांग कल्याण संघ ने पाण्डेय के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। संघ के सदस्यों ने सोमवार को लाखे नगर स्थित धरना स्थल पर पाण्डेय को बर्खास्त करने की मांग करते हुए जोरदार नारेबाजी की। संघ की सदस्य चंचला यादव और प्रताप सिंह गौड़ भूख हड़ताल पर भी बैठे।
बचा रही है सरकार
संघ के प्रदेश अध्यक्ष सजीव विश्वास और महासचिव डोमन बया ने बताया कि उनका संघ पाण्डेय के भ्रष्टाचार के कारनामों को लगातार उजागर कर रहा है, बावजूद इसके सरकार कठोर कार्रवाई करने के बजाय उन्हें उपकृत कर रही है। विश्वास और बया ने कहा कि अगर पाण्डेय ईमानदार अधिकारी होते तो एंटी करप्शन ब्यूरो द्वारा छापे की कार्रवाई नहीं होती और आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का मामला सामने नहीं आता। उन्होंने बताया कि संघ से जुड़े सदस्यों ने समाज कल्याण मंत्री से भी मुलाकात कर अपनी पीड़ा बताई थी, लेकिन मंत्री ने कहा कि पाण्डेय को हटाया नहीं जाएगा। संघ के सदस्यों ने आरोप लगाया कि समाज कल्याण विभाग के सभी जिम्मेदार अधिकारियों सहित शासन के नुमाइंदे एम.एल. पाण्डेय को बचाने के उपक्रम में लगे हुए हैं।
विश्वास और बया ने आरोप लगाया कि पाण्डेय ने विकलांगों के साथ भी जमकर अन्याय किया है। वे इसी साल 30 जून को सेवानिवृत हो जाएंगे। अगर एंटी करप्शन ब्यूरो ने 30 जून से पहले चालान पेश नहीं किया तो पाण्डेय निलंबित होने से बच जाएंगे और ग्रेज्युटी, अवकाश नगदीकरण व अन्य लाभ हासिल करने में सफलता हासिल कर लेंगे।
सदस्यों ने कहा कि सरकार ने योग आयोग को करोड़ों रुपए का बजट आवंटित कर रखा है। इधर विकलांग संघ के तमाम आरोपों पर पत्रिका ने एम.एल. पाण्डेय से उनका पक्ष जानना चाहा, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया।
मांगी है छबिराम साहू की प्रतिनियुक्ति
भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरे एम.एल. पाण्डेय की वजह से सुर्खियों में आए योग आयोग के अध्यक्ष संजय कुमार अग्रवाल ने एक लिखित बयान में स्पष्ट किया कि उन्होंने सरकार से नए सचिव की मांग नहीं की है, अलबत्ता आयोग में कार्य की अधिकता को देखते हुए उपसचिव की आवश्यकता है, जिसके लिए गरियाबंद जिले के कोसमी उच्चतर माध्यमिक शाला के व्याख्याता छबिराम साहू को प्रतिनियुक्तिपर देने की मांग की गई है।