रायपुर

सावन में सोमवार को शिवलिंग पर चुपचाप करें ‘शिव मुट्ठी’ का यह टोटका, चमक जाएगी किस्मत

सावन महीने में कुछ टोटके भक्तों के लिए फलदायी होते हैं। आइए जानते हैं सावन महीने में भोलेनाथ को प्रसन्न करने की पूजा विधि।
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Updated: 30 Jul 2018, 11:22 AM IST
sawan 2018
how to worship shivlinga in hindi

रायपुर. देवों के देव महादेव को सावन का महीना सबसे प्रिय है। पुराणों में कहा गया है कि अन्य दिनों के अपेक्षा सावन के दिनों में भोलेशंकर की पूजा और अभिषेक करने से कई गुणा लाभ मिलता है। सावन का पवित्र महीना 28 जुलाई से शुरू हो चुका है और आज सावन का पहला सोमवार है। छत्तीसगढ़ में मंदिरों में सुबह से ही भोलेशंकर के दर्शन और पूजन अर्चन के लिए भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। माना जाता है कि सावन में भगवान शंकर की पूजा करने पर विशेष फल की प्राप्ति होती है। इस दौरान कुछ टोटके भी भक्तों के लिए फलदायी होते हैं। आइए जानते हैं सावन महीने में भोलेनाथ को प्रसन्न करने की पूजा विधि।

ऐसे करें शिव मुट्ठी का यह टोटका
सावन के पहले सोमवार को भक्त भगवान भोलेनाथ को एक मुट्ठी कच्चा चावल चढ़ाएं। दूसरे सोमवार को भक्त शिवलिंग पर सफेद तिल अर्पित करें। भक्त सावन के तीसरे सोमवार को महादेव को खड़ी मूंग चढ़ाएं। इसी प्रकार चौथे सोमवार को एक मुट्ठी जौ भोलेनाथ को समर्पित करें। अगर सावन माह में पांचवा सोमवार आता है तो उसमें जौ और चने का सत्तू चढ़ाएं।

सावन में शिव की आराधना से ग्रहों के दोष भी समाप्त होते हैं, तो आइए जानते हैं नौ ग्रहों के दोष को समाप्त करने के उपाय।
- अगर किसी व्यक्ति के कुंडली में सूर्य ग्रह से संबंधित बाधा है तो विधिवत या पंचोपचार पूजन के बाद लाल या बैंगनी आक वाले पुष्प पत्तों के साथ शिवलिंग पर चढ़ाना चाहिए इससे सूर्य के दोष में लाभ मिलता है।
- अगर कोई व्यक्ति चंद्रमा से परेशान है तो प्रत्येक सोमवार गाय का दूध शिवलिंग पर समर्पित करें और सोमवार का व्रत भी रखें इससे दोष में लाभ मिलता है।
- मंगल ग्रह से संबंधित कष्ट एवं बाधा निवारण के लिए गिलोय की जड़ बूटी के रस से भोलेनाथ का अभिषेक करना मंगल ग्रह के कष्टों को दूर करने में लाभकारी होता है।
- बुध ग्रह से संबंधित दोष के निवारण के लिए विधारा की जड़ के रस से महादेव का अभिषेक करना उत्तम माना गया है।
- बृहस्पति ग्रह से संबंधित समस्याओं को दूर करने के लिए प्रत्येक गुरुवार हल्दी मिश्रित दूध शिवलिंग को समर्पित करना चाहिए।
- शुक्रवार की अनुकूलता बनाए रखने के लिए पंचामृत और गाय के घी से भगवान शिव का अभिषेक करें।
- शनि ग्रह से संबंधित कष्टों और बाधाओं के निवारण के लिए गन्ने का रस और दही का पानी यानी छाछ से महादेव का अभिषेक करना चाहिए।
- राहु केतु के कष्टों से मुक्ति के लिए कुशा और दुर्वा के जल से भगवान शिव का अभिषेक करने से लाभ मिलता है।

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30 Jul 2018, 11:22 AM IST
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