Biaora Bhopal four lane national highway नये साल में सफर आसान होने की उमीद है।
एमपी की राजधानी भोपाल का सफर नए साल में आसान होने वाला है। इसके लिए ब्यावरा भोपाल फोरलेन नेशनल हाइवे की मरम्मत की जा रही है, अधिकांश हिस्सों का दोबारा निर्माण किया जा रहा है। निर्माण एजेंसी ने जो तकनीकी खामियां रखी थी, उन्हें अब सुधारा जा रहा है। 1087 करोड़ की लागत का 106 किमी लंबा ब्यावरा-भोपाल फोरलेन जर्जर और खस्ताहाल हो चुका है। अब निर्माण के करीब 5 साल बाद फोरलेन का दोबारा रिन्युअल (मरम्मत) कराया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार ब्यावरा-भोपाल फोरलेन की हालत जल्द सुधर जाएगी।
नेशनल हाइवे ऑथोरिटी दिल्ली की एक टीम ने कुछ समय पहले ब्यावरा-भोपाल फोरलेन का निरीक्षण किया था। टीम ने मार्ग की तकनीकी खामियां दूर करने के साथ ही खराब हिस्से को रिप्लेस करने को कहा है। इसके साथ ही डामर के मार्ग पर बिटुमिनस की लेयर चढ़ाई जा रही है।
ब्यावरा-भोपाल फोरलेन मार्ग पर एक्सींडेंट जोन में करीब चार जगह अंडरपास और क्रॉसिंग आदि का काम भी होना है। इससे हादसों में भी कमी आएगी। ऐसे में नये साल में राजधानी का सफर आसान होने की उमीद है।
60 फुल और 150 पार्सल पैनल बदलेंगे
ब्यावरा से भोपाल तक करीब 97 किमी के हिस्से में रिपेयरिंग और रिन्यूअलमेंट का काम किया जा रहा है। इसमें श्यामपुर के आगे बने आरसीसी रोड में करीब 60 जगह फुल और 150 पार्सल पैनल बदले जाएंगे। प्रोजेक्ट मैनेजर ने बताया कि पैनल की लंबाई करीब 4 मीटर और चौड़ाई 3.5 मीटर रहेगी। यानी रोड का पूरा हिस्सा उखाड़कर बनाया जा रहा है।
वहीं, डामर वाले हिस्से में भी करीब 16 किमी के हिस्से में रिपेयरिंग वर्क चल रहा है। डामर पर माइक्रो सरफेसिंग की जा रही है ताकि छोटे-छोटे गड्ढे और दरारें जाएंगे, साथ ही वाहन भी आसानी से चल सकेंगे। इसके साथ ही ब्यावरा से भोपाल के बीच स्थित चार जगह स्थित सर्विस रोड का काम भी किया जा रहा है। इसमें कुरावर, पीलूखेड़ी, श्यामपुर और परवलिया के सर्विस रोड पुलिया के मैन कैरिज यानी फोरलेन मार्ग में मोटी परत डामर की चढ़ाई जाएगी, ताकि यह बार-बार जर्जर न हो।
5 नए अंडरपास और 14 जंक्शन बनेंगे
मार्ग पर 5 अंडरपास और ओवरब्रिज सहित नई पुलिया बनाने की स्वीकृति मिली है। इसके लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। फरवरी-मार्च तक इनका निर्माण कार्य भी शुरू हो जाएगा। साथ ही फोरलेन पर अब 14 अन्य जगह जंक्शन बनाए जाएंगे। इसमें मीडियम कट और क्रॉसिंग बनेगी ताकि स्थानीय लोगों को रोड क्रॉस करने में परेशानी न उठाना पड़े।
खामियां दूर करेंगे
एनएचआई, भोपाल के प्रोजेक्ट डायरेक्टर देवांश नुवल ने बताया कि एक माह से पूरे मार्ग की रिपेयरिंग और जहां ज्यादा खराब है वहां पूरा हिस्सा बदला जा रहा। तकनीकी खामियां दूर कर रहे है। 14 नए जंक्शन बनाएंगे। ड्रैनेज सिस्टम पर भी काम कर रहे हैं। नरसिंहगढ़ अंडरपास और चार पुलिया का काम भी टेंडर होते ही जल्द शुरू कराएंगे।
फैक्ट फाइल
1087 करोड़ की लागत
109 किमी लंबाई
2019-20 में हेंडओवर
वर्तमान स्थिति- कई जगह जर्जर
सर्विस रोड की हालत भी खराब
ये काम होना है
05 नए पुल बनेंगे अंडरपास और ओवरब्रिज
14 नए जंक्शन मीडियम कट और क्रॉसिंग
ड्रैनेज में भी होगा सुधार
ये तकनीकी खामियां…
मार्ग में कई तकनीकी खामियां हैं। हाइवे के तकनीकी एक्सपर्ट इंजीनियर बताते हैं कि जहां आरसीसी मार्ग बना उसके नीचे ब्लैक कॉटन सॉइल होने से बारिश में आरसीसी के नीचे मिट्टी में पानी जमा हो जाता है। ऐसे में ऊपर डिप्रेस मीडियन का आरसीसी होने से बारिश में नीचे की लेयर की मिट्टी पानी के कारण फूल जाती है। इससे इंटरनल स्ट्रेस आता है। पानी निकलने के बाद दोबारा सडक़ सिंक होने लगती है। यही कारण है कि आरसीसी मार्ग में बार-बार दरारें पड़ रही हैं। हालांकि अब पूरा पैनल ही बदला जा रहा है। साथ ही मार्ग में कई जगह ड्रैनेज की समस्या भी शुरू से ही रही है। इसे भी अब सुधारा जा रहा है।
(स्रोत- एनएचआई, भोपाल)