राजस्थान पत्रिका के साइबर अपराधों के विरुद्ध अभियान के तहत सोमवार को राउमावि बड़गांव के छात्र-छात्राओं को साइबर ठगी को लेकर आगाह किया गया।
कुंभलगढ़. राजस्थान पत्रिका के साइबर अपराधों के विरुद्ध अभियान के तहत सोमवार को राउमावि बड़गांव के छात्र-छात्राओं को साइबर ठगी को लेकर आगाह किया गया। पत्रिका रक्षा कवच अभियान के तहत केलवाड़ा थाने के साइबर एक्सपर्ट एवं बीट प्रभारी सुरेंद्रसिंह पुनिया ने कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं को बताया गया कि साइबर ठग हर बार ठगी की नई तकनीक इस्तेमाल कर रहे हैं। कई बार लोगों को 4 से 5 दिन तक डिजीटल अरेस्ट भी कर लेते हैं। रिश्तेदारों का नाम लेकर उनकी आवाज में बात भी करवा देते हैं। ऐसे में लोग उनके झांसे में आ जाते हैं। इनके झांसे में पढ़े-लिखे लोग भी आ जाते हैं और लाखों रुपए की ठगी के शिकार हो जाते है। इससे बचने के लिए कभी भी किसी प्रकार का कॉल आए और परिवार के सदस्य को किसी मामले में फंसाने की बात करे तो पहले फोन काटकर संबंधित व्यक्ति से बात करें। इसके साथ ही फ्रॉड होने की आशंका पर तत्काल पुलिस को सूचित करें।
उन्होंने कहा कि आपके मोबाइल भुगतान करते वक्त यूपीआई आईडी पर राशि कटने की सीमा तय की जा सकती है।साथ ही किसी भी प्रकार की ठगी हो जाने पर तुरंत संबंधित बैंक से संपर्क करने पर राशि फिर से मिलने की संभावना रहती है। कभी भी किसी अनजान व्यक्ति का ना तो फोन उठाएं और ना ही मैसेज खोलें। अनजान नंबर से आने वाले मैसेज और एपीके फाइल कभी नहीं खोले, इससे आपके मोबाइल का कंट्रोल ठग के पास चला जाता हैं। कभी किसी अनजान को अपना आधार या अन्य दस्तावेजों के अलावा अपना फ़ोटो नहीं भेजें। साथ ही मोबाइल पर आने वाली मुफ़्त की योजनाओं और स्कीमों से दूर रहें। इस पर छात्र छात्राओं ने एक सुर में कहा कि आज के बाद वो जितनी जरूरत होगी, उतना ही मोबइल का उपयोग करेंगे। अनजान कॉल नहीं उठाएंगे, और ऐसे नंबरों के मैसेज नहीं देखेंगे। ठगी की आशंका पर पुलिस से संपर्क करेंगे।
कार्यक्रम में प्रधानाचार्य सुभाष चंद्र, अधिसूचना अधिकारी राकेश कुमार, वरिष्ठ अध्यापक महावीर प्रसाद, वरिष्ठ अध्यापक विमल तावड़, अध्यापक बंसी सिंह चदाना, अध्यापक मानक राम, व्याख्याता सुनील रेगर और राजकुमारी मीणा ने भी बच्चों को मोबाइल फ्रॉड से बचने के लिए आगाह किया।