साकरोदा चौराहा से कुंवारिया पुलिस थाना तिराहे के मध्य क्षतिग्रस्त सड़क पर चल रहे पेचवर्क कार्य को लेकर ग्रामीणों में भारी नाराज़गी है।
कुंवारिया. साकरोदा चौराहा से कुंवारिया पुलिस थाना तिराहे के मध्य क्षतिग्रस्त सड़क पर चल रहे पेचवर्क कार्य को लेकर ग्रामीणों में भारी नाराज़गी है। गड्ढों में डामर व गिट्टी डालने के बजाय मजदूरों द्वारा सड़क किनारे की धूल-मिट्टी भरने का मामला सामने आया है। ऐसे में यह ‘मरम्मत’ कितने दिन टिकेगी, यह सहज समझा जा सकता है। ग्रामीण शंकरलाल, मोहनलाल, नारायणलाल, कालूराम, बद्रीलाल, रतनलाल, देवीलाल सहित कई लोगों ने बताया कि उक्त मार्ग पर कई स्थानों पर गहरे व जानलेवा गड्ढे बने हुए हैं। ग्रामीणों के अनुसार रविवार दोपहर पुलिस फायरिंग रेंज के समीप श्रमिकों ने सड़क से लगती जगह से ही मिट्टी खोदकर गड्ढों में भरना शुरू कर दिया। इससे लोगों में विभागीय कार्यशैली को लेकर नाराज़गी फैल गई।
ग्रामीणों का कहना है कि जिस तरह से मिट्टी डालकर ‘पेचवर्क’ किया जा रहा है, वह रोजाना गुजरने वाले भारी वाहनों का दबाव झेल ही नहीं पाएगा और कुछ ही दिनों में गड्ढे फिर उसी स्थिति में दिखाई देंगे। इसी कारण क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ताओं ने लोक निर्माण विभाग से पेचवर्क को तकनीकी मानकों के अनुसार कराने की मांग की है, ताकि वर्षों से चली आ रही गड्ढों की समस्या से राहत मिल सके।
ग्रामीणों ने बताया कि पुलिस फायरिंग रेंज के पास सड़क के क्षतिग्रस्त हिस्से के अलावा इसके दोनों ओर मिट्टी नहीं होने से रास्ते के किनारे बेहद ‘खड़े’ हो गए हैं। ऐसे खड़े किनारे वाहन चालकों के लिए बड़ा जोखिम साबित हो रहे हैं। कई बार वाहन फिसलने व पलटने जैसी आशंकाएं बनी रहती हैं। ग्रामीणों ने सड़क किनारों का समतलीकरण करवाने की भी मांग उठाई है, ताकि दुर्घटनाओं पर रोक लग सके।