
रतलाम। नाबालिक से दुष्कर्म मामले में न्यायालय ने आरोपी को पास्को एक्ट सहित अन्य धाराओं में सजा सुनाई है। उक्त फैसला पास्को एक्ट के विशेष न्यायाधीश व जिला एवं सत्र न्यायाधीश मृत्युंजयसिंह ने सुनाया है। जिसके तहत आरोपी को पास्को एक्ट में दस वर्ष के कारावास और एक हजार जुर्माना, धारा ३६३ व ३६६ में तीन-तीन वर्ष सजा व ३००-३०० रुपए जुर्माने की सजा से दंडित किया है।
डीडीपी सुशील कुमार जैन ने बताया कि उक्त सजा राजस्थान के बांसवाड़ा के उमरियापाड़ा निवासी राजू डिंडोर २३ को सुनाई है। घटना २५ मई २०१७ की शाम ७ बजे की है। पीडि़ता १५ वर्षीय किशोरी के नहीं मिलने पर पिता ने ३ जून को संदेही राजू के खिलाफ बहला-फुसलाकर ले जाने का मामला दर्ज कराया था। पुलिस ने १ जुलाई को किशोरी को बरामद किया था। बयान में पीडि़ता ने बताया था कि नदी पर उसे राजू मिला था, वह शादी करने का बोलकर साथ ले गया था। राजू उसकी भुआ के यहां रहता है। २९ जून २०१७ को राजू अपने घर मां-बाप से मिलाने के लिए लड़की को लेकर गया था, जहां से पुलिस उसे पकड़ लाई थी।
पिकअप की टक्कर से बालक घायल
रतलाम। शहर से लगे करमदी क्षेत्र में गुरुवार दोपहर एक पिकअप चालक ने सड़क किनारे खेल रहे पांच वर्षीय बालक को टक्कर मार दी। घटना के बाद चालक पिकअप लेकर मौके से निकल गया। घटना की सूचना पर लोग मौके पहुंचे। इस बीच रास्ते से गुजर रहे कुछ लोगों ने बालक की हालत गंभीर देख उसे जिला अस्पताल पहुंचाया।
इस बीच सूचना पर परिजन भी जिला अस्पताल पहुंचे। घटना में करमदी निवासी लक्की पिता धर्मेंद्र घायल हुआ है। वह अपने दो अन्य दोस्तों के साथ खेल रहा था। तभी पिकअप उसे टक्कर मारकर निकल गई थी। मौके पर भीड़ देख व बालक की हालत गंभीर देख राजेश, दिनेश, भारत गरवाल और करमदी का मो. शाकिर बच्चे को अस्पताल लाए। जहां प्राथमिक उपचार के बाद बालक को इंदौर रेफर कर दिया गया। वहीं सूचना पर माणक चौक थाना पुलिस ने आरोपी चालक के खिलाफ केस दर्ज किया है।
कैमरा लगाने के दौरान सीढ़ी से गिरा श्रमिक
रतलाम। शहर के फ्रीगंज क्षेत्र में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने के दौरान सीढ़ी पर चढ़ रहा श्रमिक ऊपर से गिरकर घायल हो गया। घटना का कारण सड़क से गुजर रहे एक बाइक चालक द्वारा सीढ़ी से टकराना रहा, जिसके चलते उस पर चढ़ रहा श्रमिक नीचे आ गिरा। घटना में भोपाल निवासी लखन कहार १९ को चोट आई है। अचानक हुए हादसे के बाद साथी कर्मचारियों ने तत्काल उसे जिला अस्पताल पहुंचाया और उसका उपचार कराया।