
एक तरफ श्रीराम प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव की धूम मची हुई है, कोई कविता, मूर्ति, प्रतिमा, ध्वज बनाने में व्यस्त है। शहर के युवा कलाकार आकाश शर्मा ने भी अपनी अद्भूत कला से पेंसिल की नोक पर भगवान श्रीराम की अयोध्या और श्रीराम उकेरकर आस्था प्रकट की है। अयोध्या में विराजमान होने वाली रामलला की प्रतिमा की हुबहू मूर्ति की कॉपी इतनी सुंदर है कि हर कोई देखने वाला तारिफ कर रहा है।
रत्नेश्वर रोड निवासी 22 वर्षीय आकाश शर्मा का कहना है कि यह पेंसिल पर उन्हे कारिगरी करते हुए छह साल हो गए है। वर्तमान में मैने श्रीराम की छवि जो वायरल हो रही है ओर अयोध्या मंदिर पेंसिल की नोक पर बनाए है। श्रीराम की मूर्ति तैयार करने में दो दिन लगे, इसके अलावा कई मंदिर भी बनाए है।
अरूण गोविल को भेंट कर चुके श्रीराम का बाल रूप
आकाश ने बताया कि अलावा महाराजा गणेशजी, महाराणा प्रताप, क्षत्रपति शिवाजी, भगतसिंह, रतलाम की मां कालिका की मूर्ति बना चुका हूं। कुछ दिन पूर्व जब रामायण धारावाहिक में श्रीराम का पात्र निभाए थे, अरुण गोविल के पेटलावद आने पर मुलाकात कर उन्हे भी श्रीराम का बाल स्वरूप बनाकर भेंट किया था।
एक इंच बाय तीन एमएम के श्रीराम
यह कार्य में छह साल से करता आ रहा हूं, पेंसिल की नोक पर कारिगरी करता आ रहा हूं। इसमें सर्जिकल ब्लेड, कटर के अलावा पेंसिल का उपयोग किया जाता है। काम बहुत बारिक है, इसलिए समय लगता है। भूमि पूजन के समय मैने अयोध्या चॉक पर बनाया था। वर्तमान में सबसे छोटा राम मंदिर बनाया है, जिसकी साइज 5 एमएम बाय 3 एमएम के अयोध्या है। श्रीराम की प्रतिमा 1 इंच बाय तीन एमएम के है।