मऊगंज से अपहृत हुई एक किशोरी को एक माह तक आरोपी ने बंधक बनाकर रखा। किसी तरह आरोपी चंगुल से आजाद होकर घर पहुंची किशोरी ने घटना की जानकारी पुलिस को दी तो सुनने वालों के रोंगटे खड़े हो गए। जानकारी के अनुसार मऊगंज थाना अन्तर्गत ग्राम पटेहरा निवासी 17 वर्षीय किशोरी 16 सितंबर को घर से निकली थी जिसका मऊगंज बस स्टैंड से अपहरण हो गया था।
परिजनों ने उसकी हर संभावित जगहों पर तलाश की लेकिन कोई पता नहीं चलने पर थाने में शिकायत दर्ज कराई जिसके बाद पुलिस ने 36 3 का मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी। दो दिन पूर्व उक्त किशोरी रहस्यमय ढंग से वापस आ गई जिसको लेकर परिजन थाने पहुंच गए। किशोरी का अपहरण आरोपी मनोज तिवारी पिता दिवाकर 22 वर्षनिवासी दुबगवां थाना नईगढ़ी ने किया था। घटना दिनांक को आरोपी किशोरी से मऊगंज बस स्टैंड में मिला था और किशोरी को बहला फुसला कर रायपुर छत्तीसगढ़ ले गया जहां उसको एक कमरे में एक माह तक बंधक बनाकर रखे था। आरोपी किशोरी को घर से बाहर नहीं निकलने देता था और बाहर जाने पर खिड़की व दरवाजे बंद करके जाता था। किशोरी की शिकायत के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
इस मामले का आरोपी मनोज तिवारी पीडि़ता के भाई का दोस्त है। आरोपी रायपुर छग स्थित होटल में कुक का काम करता था जहां किशोरी का भाईभी काम करता था। दोनों की खूब पटती थी और आरोपी कई बार दोस्त के घर भी आया था। फलस्वरूप उसने किशोरी को बहला फुसला कर अपने साथ रायपुर ले गया जहां उसे अपने घर में बंधक बनाकर रखे हुए था।