सड़क पर खुले पड़े सरियों से कार क्षतिग्रस्त, सुरक्षा इंतजाम न होने पर लोगों में नाराजगी, निर्माण कंपनी नहीं दे रही ध्यान, आए दिन हो रहे हादसों से भी नहीं ले रहे सबक
बीना. खुरई में खिमलासा रेलवे गेट के पास बन रहे ओवरब्रिज का निर्माण कार्य अब राहगीरों के लिए जोखिम का कारण बनता जा रहा है। शुक्रवार को एक घंटे के अंदर दो अलग-अलग घटनाएं सामने आईं, जिनमें सुरक्षा की कमी सामने आई। गनीमत रही कि दोनों ही मामलों में जानहानि नहीं हुई।
लोगों के अनुसार खिमलासा रेलवे गेट के पास ओवरब्रिज का काम जारी है, लेकिन निर्माण स्थल पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई है। शुक्रवार को पहली घटना उस समय हुई जब एक कार क्रमांक एमपी 04 सीपी 9890 खिमलासा की ओर से आ रही थी। ओवरब्रिज के नीचे सडक़ पर लोहे की सरिया बाहर निकले हुए थे। कार का अगला पहिया उसमें फंस गया, जिससे वाहन असंतुलित हो गया। स्थिति ऐसी बनी कि कार पलट सकती थी, लेकिन चालक ने किसी तरह नियंत्रण बना लिया। हादसे में कार का अगला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। वाहन में चालक के साथ एक महिला और बच्चे भी मौजूद थे। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि निर्माण स्थल पर न तो चेतावनी संकेत लगाए गए हैं और न ही खतरनाक हिस्सों को ढंका गया है। लोगों ने ठेकेदार पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि यदि समय रहते इंतजाम नहीं किए गए, तो बड़ा हादसा हो सकता है।
ओवरब्रिज के निचले हिस्से में टकराई कार
एक घंटे के अंदर ही दूसरी घटना हुई। खिमलासा से नरयावली के बेरखेड़ी जा रही एक बारात की कार क्रमांक एमपी 10 टी 1627 ओवरब्रिज के पास सुरक्षा इंतजामों के अभाव में सीधे ओवरब्रिज के निचले हिस्से से टकरा गई। टक्कर में वाहन चालक को चोटें आईं, हालांकि अन्य लोग सुरक्षित हैं। लगातार हुई इन दो घटनाओं के बाद लोगों में आक्रोश है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि निर्माण कार्य की नियमित निगरानी की जाए और सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन कराया जाए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
धीमी गति से चल रहा काम
ब्रिज निर्माण का कार्य धीमी गति से चल रहा है, जिससे वाहन चालकों को परेशान होना पड़ रहा है। लोग निर्माण की गति तेज करने की मांग कर रहे हैं, जिससे परेशानियों को निजात मिल सके और बार—बार बंद होने वाले रेलवे गेट से निजात मिल सके।