
सीहोर। कबाड़ से जुगाड़ अंग्रेजी यंत्र से छात्र अब फर्राटेदार अंग्रेजी पढ़ सकेंगे। शासकीय माध्यमिक शाला कौडिय़ा छीतू में पदस्थ अध्यापक संजय सक्सेना ने अपने विद्यालय के विद्यार्थियों को अंग्रेेजी विषय में आ रहीं परेशानी देखते हुए उसके निदान के लिए पुराने कबाड़ के सामान से अनोखे यंत्र बनाएं हैं।
इन यंत्रों पर बुधवार को डीपीसी अनिल श्रीवास्तव एवं सीहोर बीआरसीसी ओपी शर्मा ने अध्यापक को यंत्र पर बेस्ट ऑफ लॅक लिखकर शुभकामनाएं दी।
खेल-खेल में सीख सकेंगे अंग्रेजी एवं हिन्दी
अध्यापक द्वारा बनाए यंत्र की मदद से छात्र-छात्राएं सरलता एवं खेल-खेल में अंग्रेजी विषय की बारह खड़ी, दो वर्ण, तीन वर्ण, चार वर्ण, पांच वर्ण वाले शब्दों एवं अंग्रेजी सेन्टेंस को सरलता से सीख सकेंगे। शिक्षक संजय सक्सेना ने बताया कि इन यंत्रों की सब से खास बात यह की बिना किसी लागत के पुराने कबाड़ जैसे शर्ट का बाक्स, कागज, मार्कर एवं लकड़ी की मदद से तैयार की है।
यह यंत्र बच्चों के रील वाले कैमरे की तरह काम करेंगे। इन यंत्रों की मदद से विद्यार्थियों की अंग्रेजी वर्ड पावर बढ़ेगी और वह सरलता सें अंग्रेजी विषय कि पुस्तक को आसानी से पढ़ सकेंगे।
पूर्व में भी कर चुके हैं नवाचार, बनाई थी मार्गदर्शिका
पूर्व भी अध्यापक द्वारा अंग्रेजी विषय में नवाचार करते हुए एक अंग्रेजी शिक्षक मार्गदर्शिका का निर्माण किया था। जिसका उपयोग जिले के कई शिक्षक अपने विद्यालय में कर रहे हैं। इस मार्गदर्शिका के माध्यम से भी बच्चें खेल खेल में अंग्रेजी पढऩा सीख रहेे हैं।
अध्यापक साथी द्वारा बनाए गए यंत्रों के लिए अध्यापक साथी संतीष त्यागी, प्रदीप नागीया, आशीष शर्मा,माधव यादव, दिलीप मण्डलोई, सुरेन्द्र मालवीय, राकेश केलोदिया, प्रभात मेवाड़ा, राजेन्द्र परमार, नरेश मेवाड़ा, डॉ. देवेन्द्र साहू, महेश आहिरवार ने कहा है कि इस यंत्र से बच्चों को काफी लाभ मिलेगा। वह भी इस तरह के यंत्र का अपने-अपने स्कूल में प्रयोग बच्चों को शुरू कराएंगे।