
सीहोर/रेहटी। रेहटी के आमडो यात्री प्रतीक्षालय के पास नितिन उर्फ छोटो पोटिंग के हत्या के रहस्य को पुलिस ने सुलझा लिया है। शराब के लिए रुपए नहीं देने पर दो लोगों ने हत्या कर दी थी। पुलिस ने 4 दिनों में हत्या के रहस्य से पर्दा उठाते हुए दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इधर, नितिन के हत्यारे को जल्द पकडऩे को लेकर मंगलवार को १२ बजे तक बाजार बंद रहा।
इस दौरान युवाओं ने एक मौन रैली निकालकर थाने पहुंचे और बस स्टैंड पर दो मिनट का मौन धारण कर नितिन को श्रद्धांजलि दी। थाने में पहुंचे सैकड़ो युवाओं ने नितिन मर्डर केस के आरोपी पकड़ाए जाने के बाद राहत की सांस ली। वहीं पुलिस को चेतावनी दी है कि नगर व थाना रेहटी के गांव में जुआ, सट्टा तेजी से चल रहा है, इसे तत्काल बंद किया जाए। लोगों ने कहा कि मृतक नितिन उर्फ छोटा पोटिंग घटना वाले दिन जुआं खेलने वालों के साथ ही आमडो गया हुआ था, जो उसका मौत का कारण बना। नितिन का अंधा कत्ल पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ था।
एसपी राजेश कुमार चंदेल के निर्देशन में एएसपी समीर यादव के मागदर्शन में एसडीओपी बुदनी एसएन चौधरी, टीआई शिशुपाल सिंह कुशवाह, एसआई श्यामकुमार सूर्यवंशी, पूजा सिंह राजपूत, आरक्षक मनोज, विपिन की एक टीम गठित की गई। इस अंधे कत्ल का पर्दाफाश कर पुलिस ने सफलता हासिल की। अत्धे कत्ल का खुलासा सीहोर में एसपी राजेश सिंह चंदेल ने प्रेसवार्ता में किया। हत्या के आरोपियों में वीरसिंह उर्फ बलिराम बारेला पिता गाठिया उर्फ जरदार सिंह सिंह बारेला उम्र २५ वर्ष ग्राम आमडो, मिथुन पिता भंवर सिंह कोरकू उम्र 25 वर्ष निवासी आमडो को गिरफ्तार किया गया है।
क्या है पूरा मामला
19 जुलाई की रात्रि को नितिन उर्फ छोटा पोटिंग नगर के कुछ जुआं खेलने वाले युवाओं के साथ आमडो पहुंचा था। रात्रि में दोनो आरोपियों के साथ बैठकर नितिन ने शराब का सेवन कर रहा था। शराब कम पडऩे पर दोनों आरोपियों ने नितिन से शराब के लिए रुपए मांग थे। जब नितिन ने रुपए देने से मना किया तो आरोपियों ने नितिन पर ईंट और लाठी से सिर पर वार करना शुरू कर दिया। वह जब तक उसको मारते रहे जब तक उसकी जान नही चली गई। अंधे कत्ल का पर्दाफाश करने में पुलिस को नागरिकों का आक्रोश भी झेलना पड़ा। पुलिस विवेचना कर रही थी तब आमडो बार-बार आना जाना लगा रहता था। तभी पुलिस को देखकर वीरसिंह और मिथुन भागने लगे, जहां घेराबंद कर पुलिस ने दोनों आरोपियों को दबोच लिया।