रामपुरनैकिन विकासखंड अंतर्गत मझिगवां गांव की घटना, इधर बरौं ग्राम पंचायत में आग से खाक हुआ गरीब का घर
सीधी। जिले के रामपुर नैकिन विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत मझिगवां में एक किसान के खेत में पक कर तैयार गेहूं की खड़ी फसल में आग लगने से पूरी फसल जल कर खाक हो गई। आग लगने का कारण अज्ञात बताया गया है। घटना रविवार की सुबह करीब 8.30 बजे की बताई गई है।
घटना के संबंध में बताया गया कि ग्राम पंचायत मझिगवां निवासी रमाकांत तिवारी पिता रोहणी प्रसाद तिवारी के गांव मेें ही स्थित खेत में जहां गेहूं की फसल बोई गई थी और फसल पककर पूरी तरह से तैयार हो गई थी, किसान अब उसे कटवाने की तैयारी में ही थे कि रविवार की सुबह करीब 8.30 बजे अचानक खेत से आग की लपटे उठने लगी। ग्रामणों ने हल्ला गुहार किया तो रमाकांत तिवारी सहित गांव के अन्य लोग खेत में जाकर देखे तो फसल में आग लगी हुई थी और फसल धू-धू कर जल रही थी। खेत बस्ती से काफी दूर होने के कारण न तो वहां फायर ब्रिगेड पहुंच सकता था और न ही पानी की अन्य कोई व्यवस्था थी। लिहाजा किसान व ग्रामीण तमासबीन ही बने रहे और खेत की फसल पूरी तरह से जलकर खाक हो गई। पीडि़त किसान द्वारा मामले की शिकायत पिंपरांव पुलिस चौकी के साथ ही राजस्व अधिकारियों के पास की गई है। पीडि़त किसान द्वारा शंका जाहिर की गई है कि किसी राहगीर द्वारा ङ्क्षसगरेट व बीड़ी पीकर खेत में फेंक दिए जाने से यह आगजनी की घटना हुई।
बरौं गांव में में आगजनी की घटना पूरा घर व सामग्री जलकर खाक-
रामपुर नैकिन विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत बरौं के मौहरिया गांव निवासी रामदास पिता बंशधारी पाल के कच्चे माकान में विगत दिनों आगजनी की घटना होने से पूरा घर व घर के अंदर की सामग्री जलकर खाक हो गई। बताया गया कि आगजनी की घटना रात्रि के समय हुई जब पूरा परिवार सो रहा था। जब घर से आग की लपटे उठने लगी तो घरवालों को पता चला, तब घरवाले घर से बाहर निकलकर हल्ला गुहार शुरू किया। हल्ला गुहार सुनकर ग्रामीण एत्रित हुए और आग बुझाने की पहल शुरू की गई, लेकिन गर्मी के मौषम के कारण आग काफी तेजी के साथ बढ़ रही थी, कच्चे माकान की छप्पर में आग तेजी के साथ बढ़ते हुए घर की सामग्री को भी अपने चपेट में ले लिया। जब तक ग्रामीणों की मदद से आग पर काबू पाया जाता, तब तक पूरा घर व घर की सामग्री जलकर खाक हो चुकी थी। बताया गया कि इस आगजनी की घटना में किसान को करीब छ: लाख रूपए का नुकशान हुआ है। आगजनी का कारण अज्ञात बताया गया है। पीडि़त रामदास पाल ने प्रशासन से उचित मुआवजा प्रदाय कराए जाने की गुहार लगाई है।